जोजिला के ऊंचाई वाले इलाकों में गुरुवार को अचानक बादल फटने से भीषण लैंडस्लाइड हो गया. इसके चलते रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण श्रीनगर–लेह राष्ट्रीय राजमार्ग पर यातायात पूरी तरह ठप हो गया है. अधिकारियों के मुताबिक, लैंडस्लाइड की यह घटना जोजिला दर्रे के रंगा मोड़ के पास हुई. पहाड़ों से हजारों टन कीचड़, भारी चट्टानें और मलबा बहकर सड़क पर आ गया, जिससे हाईवे का एक बड़ा हिस्सा पूरी तरह बंद हो गया. इस मलबे की चपेट में आने से पास का सरबल मार्ग भी प्रभावित हुआ है. एहतियात के तौर पर प्रशासन ने हाईवे के दोनों तरफ से वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी है.
अच्छी बात यह है कि इस हादसे में किसी भी तरह के जान-माल के नुकसान की खबर नहीं है. मार्ग से मलबा हटाने और सड़क की स्थिति का जायजा लेने के लिए भारी मशीनरी और कर्मचारियों को मौके पर तैनात कर दिया गया है.
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नदी-नालों से दूर रहने की एडवाइजरी
बादल फटने के कारण आसपास के नदी-नालों और जलस्रोतों में पानी का स्तर अचानक काफी बढ़ गया है. स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने एडवाइजरी जारी कर स्थानीय निवासियों, यात्रियों और पर्यटकों को जलस्रोतों और संवेदनशील इलाकों से दूर रहने को कहा है.
मौसम पर टिकी है बहाली
अधिकारियों का कहना है कि यदि और बारिश होती है, तो पहाड़ी इलाकों में फिर से लैंडस्लाइड का खतरा पैदा हो सकता है. ऐसे में सोनमर्ग, जोजिला या लद्दाख की ओर जाने वाले यात्रियों को बेवजह सफर से बचने और आधिकारिक ट्रैफिक एडवाइजरी का पालन करने की सलाह दी गई है. श्रीनगर-लेह मार्ग कश्मीर और लद्दाख को जोड़ने वाली मुख्य लाइफलाइन है. मलबा पूरी तरह हटने और मौसम साफ होने के बाद ही हाईवे पर दोबारा गाड़ियां दौड़ सकेंगी.
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