कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भारतीय राजनीति का बड़ा चेहरा माने जाते हैं. लेकिन अगर वो आज एक नेता नहीं होते तो उनके पास दूसरा ऑप्शन क्या था? इस बात का जवाब खुद राहुल गांधी ने दिया. उन्होंने कहा कि अगर वो राजनीति में नहीं होते तो शायद एयरोस्पेस सेक्टर में बिजनेस या जॉब करते. उन्होंने ये बात केरल में आईटी प्रोफेशनल्स के साथ बातचीत के दौरान कही. उनके इस बयान के बाद सियासी गलियारों में चर्चा तेज हो गई है.
राहुल गांधी ने क्या कहा?
दरअसल राहुल गांधी इन दिनों केरल के दौरे पर हैं. इस दौरान उन्होंने तिरुवनंतपुरम के टेक्नोपार्क में आईटी सेक्टर से जुड़े युवाओं और प्रोफेशनल्स के साथ बातचीत की. कार्यक्रम के दौरान उनसे कई सवाल पूछे गए. इसी बातचीत में एक सवाल ये भी पूछा गया कि अगर वो राजनीति में नहीं होते तो किस क्षेत्र में काम करना पसंद करते. इस सवाल का जवाब देते हुए राहुल गांधी ने कहा कि उन्हें एयरोस्पेस और एविएशन फील्ड में हमेशा से दिलचस्पी रही है. इसलिए अगर वो राजनीति में नहीं आते तो शायद इसी क्षेत्र में कोई बिजनेस या स्टार्टअप शुरू करते. उन्होंने कहा कि उन्हें नई तकनीक और इनोवेशन से जुड़े काम हमेशा आकर्षित करते हैं.
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एविएशन से पुराना रिश्ता- राहुल
राहुल गांधी ने ये भी बताया कि उनके परिवार का एविएशन से पुराना रिश्ता रहा है. उन्होंने कहा कि वो खुद एक प्रशिक्षित पायलट हैं. उनके पिता राजीव गांधी भी पायलट रह चुके थे. यही वजह है कि उन्हें विमानन और एयरोस्पेस सेक्टर के बारे में जानने में हमेशा रुचि रही है. उन्होंने कहा कि आज के समय में टेक्नोलॉजी और विज्ञान का महत्व बहुत बढ़ गया है. एयरोस्पेस सेक्टर भी तेजी से आगे बढ़ रहा है और इसमें कई नए अवसर पैदा हो रहे हैं. इसलिए उन्हें लगता है कि अगर वो राजनीति में नहीं होते तो इस क्षेत्र में कुछ नया करने की कोशिश करते.
युवाओं का बढ़ाया हौसला
इस कार्यक्रम के दौरान राहुल गांधी ने युवाओं से भी खुलकर बातचीत की. उन्होंने कहा कि भारत के युवा बहुत प्रतिभाशाली हैं और वो नई तकनीक के जरिए देश को आगे ले जा सकते हैं. स्टार्टअप और इनोवेशन के क्षेत्र में भारतीय युवाओं ने पिछले कुछ सालों में अच्छी तरक्की की है. राहुल गांधी ने कहा कि युवाओं को नए विचारों के साथ आगे बढ़ना चाहिए और जोखिम लेने से नहीं डरना चाहिए. उनका मानना है कि जब लोग नए प्रयोग करते हैं तभी देश और समाज आगे बढ़ता है. उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी व्यक्ति को सिर्फ एक पहचान तक सीमित नहीं करना चाहिए. हर इंसान की कई रुचियां और क्षमताएं होती हैं. इसलिए लोगों को हमेशा नई चीजें सीखने और समझने की कोशिश करनी चाहिए.
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