हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: Gyanesh KumarsirBigg Boss 20

Petrol-Diesel Prices Hike: महंगे तेल से बचना होगा अब आसान! सरकार ने बनाया ये मास्टर प्लान

इंटरनेशनल बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव के बीच केंद्र सरकार ने देश को महंगे तेल के झटकों से बचाने के लिए खास रणनीति तैयार की है. सरकार अब ऊर्जा सुरक्षा बढ़ाने और ऑ यल स्टोरेज क्षमता मजबूत करने पर जोर दे रही है.

विज्ञापन
Credit: Social Media

दुनिया भर में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी आने की आशंका के बीच भारत सरकार ने बड़ा कदम उठाने की तैयारी शुरू कर दी है. सरकार का फोकस अब देश की ऊर्जा सुरक्षा मजबूत करने और भविष्य में तेल संकट जैसी स्थिति से बचाव पर है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, सरकार पेट्रोल में एथेनॉल ब्लेंडिंग को 20% से बढ़ाकर 25% करने पर काम कर रही है. ये बढ़ोतरी चरणबद्ध तरीके से लागू की जा सकती है, क्योंकि इससे गाड़ियों की माइलेज, इंजन की क्षमता और लंबे समय में वाहनों पर असर पड़ सकता है. दरअसल, भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा विदेशों से आयात करता है. ऐसे में अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल महंगा होता है तो इसका सीधा असर पेट्रोल-डीजल की कीमतों, महंगाई और आम लोगों की जेब पर पड़ता है. इसी खतरे को देखते हुए सरकार ने पहले से तैयारी शुरू कर दी है.

ये भी पढ़ें: 9 May Gold Rate: फ‍िर रुलाने लगी सोने की कीमत, 1.53 लाख के पार पहुंचा गोल्ड; जानें 18, 22 और 24 कैरट का भाव

क्या है सरकार का प्लान?

सरकार देश में मौजूद स्ट्रैटेजिक पेट्रोलियम रिजर्व यानी रणनीतिक तेल भंडार को बढ़ाने की योजना बना रही है. इसका मकसद ये है कि किसी ग्लोबल संकट, युद्ध या सप्लाई रुकने जैसी स्थिति में देश के पास पर्याप्त तेल स्टॉक मौजूद रहे. एक्सपर्ट्स का कहना है कि अगर कच्चे तेल की कीमतें लंबे समय तक ऊंची रहती हैं तो इससे भारत का आयात बिल काफी बढ़ सकता है. यही वजह है कि सरकार अब तेल भंडारण क्षमता बढ़ाने के साथ-साथ वैकल्पिक ऊर्जा स्रोतों पर भी तेजी से काम कर रही है.

विज्ञापन

आम लोगों पर पड़ सकता है असर

अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें बढ़ती हैं तो पेट्रोल-डीजल और महंगे हो सकते हैं. इसके साथ ही ट्रांसपोर्ट लागत बढ़ने से खाने-पीने की चीजों और रोजमर्रा के सामान की कीमतों पर भी असर पड़ सकता है. हालांकि सरकार की कोशिश है कि तेल कीमतों का बोझ आम जनता पर कम से कम पड़े. इसके लिए कई स्तरों पर रणनीति तैयार की जा रही है. जरूरत पड़ने पर टैक्स में राहत और सप्लाई मैनेजमेंट जैसे कदम भी उठाए जा सकते हैं. सरकार लंबे समय से ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भरता बढ़ाने की दिशा में काम कर रही है. इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा, ग्रीन एनर्जी प्रोजेक्ट्स और बायोफ्यूल जैसे विकल्पों पर तेजी से निवेश किया जा रहा है.

ये भी पढ़ें: 5kg LPG Cylinder Refill Rates: 5 KG वाला छोटू सिलेंडर को र‍िफ‍िल कराने के ल‍िए करना होगा अब इतना खर्च, चेक कर लें नया रेट

विज्ञापन

संबंधित खबरें

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Varsha Sikri

वर्षा सिकरी News24 हिंदी डिजिटल में सीनियर सब एडिटर के पद पर कार्यरत हैं. जर्नलिज्म में 9 साल का अनुभव रखने वाली वर्षा सिकरी राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और राज्यस्तरीय न्यूज और चुनावी कवरेज करती हैं. वर्षा सिकरी ने सितंबर 2017 में इंडिया टीवी से अपने करियर की शुरुआत की थी, जिसके बाद से उन्होंने रिपब्लिक टीवी, जी न्यूज, आज तक जैसे चैनलों में काम किया. फिलहाल वो News24 के डिजिटल में सेवाएं दे रही हैं. 9 साल के करियर में वर्षा सिकरी ने नेशनल, इंटरनेशनल, पॉलिटिकल, क्राइम टॉपिक कवर करने में विशेषज्ञता हासिल की. वर्षा सिकरी का पत्रकारिता में अनुभव: 9 साल योग्यता: NRAI स्कूल ऑफ मास कम्यूनिकेशन से ग्रेजुएशन करने के बाद वर्षा सिकरी ने मीडिया में अपने करियर की शुरुआत की. उन्होंने बतौर एंकर और रिपोर्टर भी काम किया है.
... और पढ़ें

ताज़ा खबरें

Sponsored Links by Taboola