ED के रडार पर Gensol के मालिक अनमोल और पुनीत सिंह जग्गी, महादेव ऐप घोटाले में हो सकती है पूछताछ

जेनसोल इंजीनियरिंग के प्रमोटर्स अनमोल सिंह जग्गी और पुनीत सिंह जग्गी की फिर से मुश्किलें बढ़ती दिख रही हैं। बता दें, महादेव सट्टा ऐप घोटाले की जांच के सिलसिले में ईडी पूछताछ के लिए समन भेज सकती है।

Gensol owners Anmol and Puneet Singh Jaggi

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दीपक दुबे

महादेव बैटिंग एप मामले में ईडी जल्द ही जग्गी ब्रदर्स से पूछताछ करने की तैयारी में है। ये जेनसोल इंजीनियरिंग के प्रमोटर हैं और इनका पूरा नाम अनमोल सिंह जग्गी और पुनीत सिंह जग्गी है। एजेंसी ने हाल ही में जेनसोल इंजीनियरिंग के 500,000 से अधिक शेयर फ्रीज कर दिए हैं। इलेक्ट्रिक कैब सेवा (ब्लू) के को-फाउंडर भी अनमोल जग्गी और पुनीत सिंह जग्गी हैं। इनके ऊपर यह भी आरोप है कि दोनों भाइयों ने इलेक्ट्रिक कारें खरीदने के लिए बैंक से लोन लेकर गलत तरीके से पैसे का इस्तेमाल किया। सेबी ने शेयर मार्केट में बिजनेस करने पर रोक भी लगाई है। दोनों भाइयों ने 1,700 इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने के लिए 262 करोड़ रुपए के ग्रीन एनर्जी लोन का दुरुपयोग किया।

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दोनों भाइयों  पर लगे आरोप 

दोनों भाइयों पर इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने के लिए तय धन का दुरुपयोग करने का आरोप लगा है। इसके अलावा उन्होंने इन पैसों से महंगे बंगले, आलीशान गाड़ियां समेत गोल्फ कोर्स भी बनवाया। इन सारे घोटालों के बाद सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया ने कड़ी कार्रवाई करते हुए अनमोल और पुनीत सिंह जग्गी को बड़ी जिम्मेदारी वाले पदों पर रहने और शेयर बाजार में कारोबार करने से रोक दिया है। एजेंसी ने शक जताया है कि आर्टिफिशियल तरीके से शेयरों को मैनिपुलेट किया गया।

  • दुबई स्थित जेनिथ मल्टी ट्रेडिंग DMCC से जुड़ा हुआ है – यह फर्म कथित तौर पर महादेव घोटाले के आरोपी हरि शंकर टिबरेवाल से जुड़ी हुई है।
  • ईडी के मुताबिक, बैटिंग (सट्टेबाजी प्लेटफॉर्म से जुटाए गए फंड को दुबई और मॉरीशस एफपीआई के जरिए भारत में लाया गया) शेयर धारकों को गुमराह किया है।
  • ईडी ने 150 से ज़्यादा जगहों पर देश के अलग-अलग हिस्सों में छापेमारी की थी। मुंबई, दिल्ली, अहमदाबाद, जयपुर जैसे शहर शामिल हैं।
  • कुल 13 लोगों को गिरफ्तार किया गया था जबकि 3,002.47 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त और कुर्क की गई।
  • ईडी ने महादेव ऐप के फाउंडर सौरभ चंद्राकर और रवि उप्पल इस मामले में फरार हैं।

ईडी ने की थी छापेमारी

महादेव सट्टा ऐप घोटाले की जांच रायपुर जोनल ऑफिस की तरफ से की जा रही है। ईडी ने 16 अप्रैल को दिल्ली, मुंबई, अहमदाबाद, इंदौर, जयपुर और संबलपुर समेत 50 से ज्यादा ठिकानों पर छापेमारी की थी। जिसमें निशांत पिट्टी का घर भी शामिल था, EaseMyTrip के फाउंडर हैं।

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लेख समाप्त
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