Tuesday, June 2, 2020

भारत के 60 अरब डॉलर के खजाने पर जबरन कब्जा करने की फिराक में चीन!

लद्दाख के पहाड़ों में अथाह सोना-चांदी और यूरेनियम है। चीन ने अपने खुफिया सैटेलाइट से यह काफी पहले जान लिया था। इसीलिए वो भारत के अधिकार वाले क्षेत्र पर छद्म तरीके के कब्जे की फिराक में है।

नई दिल्ली। चालबाज चीन लद्दाख और भारतीय क्षेत्र अक्साई चिन पर लगातार दांत क्यों गड़ाए बैठा है इसका राजफाश हो चुका है। पहली बार दुनिया के सामने आयी ऐसी सच्चाई है जिसको कबूल करना चीन के लिए मुश्किल है। दरअसल, चीन  छद्म रूप से जिस भारतीय क्षेत्र पर कब्जा करना चाहता है वो प्राकृतिक संसाधनों से संपन्न इलाका है। इस क्षेत्र की जमीन और मट्टी के शोधकार्यों से पता चला है कि यहां के पत्थरों के नीचे कम से कम 60 अरब डॉलर का सोना दबा हुआ है। चीन इसी सोने पर कब्जा करना चाहता है। इसके अलाव यहां पर यूरेनियम के भण्डार भी प्रचुर मात्रा में है। चीन इस खजाने पर कब्‍जा करना चाहता है, लेकिन भारत के कड़े रुख को देखते हुए उसकी यह चाल कामयाब नहीं हो पा रही है। एक बार फिर चीनी सेना ने एलएसी लाइन पार करते हुए भारतीय सीमा में घुसने की हिमाकत की तो उसको भारतीय सैनिकों की तरफ से करारा जवाब मिला। हालांकि बहुत ही कम लोग जानते हैं कि चीन की लद्दाख पर नजर यहां पर दबे अकूत खजाने पर है।

लद्दाख सामरिक दृष्टि के साथ-साथ आर्थिक रूप से भी चीन के लिए बहुत ही महत्‍वपूर्ण हैं। क्‍योंकि बताया जाता है कि यहां के पहाड़ यूरेनियम, ग्रेनाइट, सोने और रेअर अर्थ जैसी बहुमूल्‍य धातुओं से भरे पड़े हैं और चीन की नजर इन्‍हीं पर है। जिस गलवान रिजन में चीन और भारत के बीच विवाद चल रहा है, उसके ठीक पास में गोगरा पोस्‍ट के पास ‘गोल्‍डेन माउंटेन’ है। बताया जाता है कि इस पहाड़ पर सोने का बहुत बड़ा भंडार है, जिस कारण ड्रैगन बार-बार ऐसी हिमायत करने में लगा हुआ है।

इसके साथ ही लद्दाख के कई इलाकों में उच्‍च गुणवत्‍ता वाले यूरेनियम के भंडार मिले हैं। जिनसे केवल परमाणु बिजली के साथ-साथ परमाणु बम भी बनाए जा सकते हैं। साल 2007 में जर्मनी ने लद्दाख में कुछ पहाड़ों के नमूने लिए थे, जिसकी जांच के बाद उसने बताया था कि यहां पर 5.36 प्रतिशत यूरेनियम का भंडार है, जो पूरे देश में अन्‍य जगहों से मिले यूरेनियम से ज्‍यादा है। जिसके बाद से चीन की नजर इस जगह पर लगी हैं और वह हर हाल में इसको कब्‍जाना चाहता है।

परमाणु बम के लिए होता है यूरेनियम का प्रयोग
हाल ही में चीनी व‍िशेषज्ञों ने अमेरिका से बढ़ी टेंशन के बीच परमाणु बमों की संख्‍या को बढ़ाकर 1000 तक करने की सलाह दी है। एक अनुमान के मुताबिक चीन के पास अभी करीब 260 परमाणु बम है। चीन अगर 1000 परमाणु बम बनाता है तो उसे बड़े पैमाने पर यूरेनियम की जरूरत होगी। ऐसे में चीन यहां से यूरेनियम निकालकर अपने परमाणु बमों को बढ़ाने में बड़ी सफलता हासिल कर सकता है।

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Most Popular

क्या भारत के नाम से हट जाएगा ‘इंडिया’? सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई आज

प्रभाकर मिश्रा, नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट आज उस याचिका पर सुनवाई करेगा जिसमें मांग की गई है कि संविधान संसोधन करके इंडिया शब्द हटा...

Aaj ka Rashifal 2 June 2020:  इन राशि वालों को आज रहना होगा सावधान वरना बिगड़ सकते हैं काम, जानें अपना राशिफल

Aaj ka Rashifal 2 June 2020: आज दिनांक 2 जून 2020 और दिन मंगलवार (Mangalwar ka Rashifal) है। आज का दिन सभी 12 राशियों...

‘CHAMPIONS’ से मजबूत होंगे छोटे उद्योग, रोजगार की लग जायेगी झड़ी!

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की मीटिंग में 20 लाख करोड़ के पैकेज और लोकल के लिए वोकल अभियान...

दिल्ली पुलिस ने किए ये बड़े बदलाव, अब चुटकी बजाते होंगे ये सारे काम!

राहुल प्रकाश, नई दिल्ली। दिल्ली के थानों में अब न रोजनामचा होगा, न चिक कटेगी, न फर्द बनेगी और न ही कागजों पर आमद...