जम्मू कश्मीर में पाकिस्तानी सीमा पर फायरिंग के दौरान बीएसएफ में तैनात सब इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तियाज शनिवार को शहीद हो गए। सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) ने शनिवार को पुष्टि की कि जम्मू के आरएस पुरा इलाके में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर पाकिस्तान द्वारा सीमा पार से की गई गोलीबारी के दौरान सब इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तियाज की जान चली गई। रविवार (11 मई) को जम्मू के फ्रंटियर मुख्यालय में उन्हें पुष्पाजंलि अर्पित की जाएगी। वहीं, उनकी शहादत पर बीएसएफ ने सलाम किया है। यह हमला ऐसे समय पर हुआ है, जब भारत आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई के संकेत दे चुका है। भारत सरकार ने शनिवार को स्पष्ट कहा कि अगर अब कोई आतंकवादी कार्रवाई होती है तो भारत इसे युद्ध छेड़ने वाली कार्रवाई समझेगा। वहीं, भारत और पाकिस्तान के बीच शनिवार शाम 5 बजे सीजफायर पर भी सहमति बनी है।
‘इम्तियाज के सर्वोच्च बलिदान को सलाम करते हैं’
जम्मू सीमा सुरक्षा बल के अपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर लिखा, ‘हम 10 मई 2025 को आर एस पुरा क्षेत्र, जिला जम्मू में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर क्रॉस बॉर्डर फायरिंग के दौरान देश की सेवा में बीएसएफ के बहादुर सब इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तियाज द्वारा दिए गए सर्वोच्च बलिदान को सलाम करते हैं।’
कल पुष्पांजलि समारोह आयोजित किया जाएगा
इसमें पोस्ट में आगे कहा गया, ‘बीएसएफ सीमा चौकी का नेतृत्व करते हुए, सब इंस्पेक्टर मोहम्मद इम्तियाज ने आगे बढ़कर वीरतापूर्वक नेतृत्व किया। डीजी बीएसएफ और सभी रैंक उनके परिवार के प्रति अपनी गहरी संवेदना व्यक्त करते हैं। कल फ्रंटियर मुख्यालय जम्मू, पलौरा में पूरे सम्मान के साथ पुष्पांजलि समारोह आयोजित किया जाएगा।’
सीएम अब्दुल्ला ने किया दौरा
मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने गोलाबारी से प्रभावित आवासीय इलाकों का दौरा किया और हाल में सीमा पार से हुई गोलाबारी में मारे गए प्रत्येक व्यक्ति के परिजनों के लिए 10 लाख रुपये की अनुग्रह राशि की घोषणा की। वहीं, पुलिस ने हेल्पलाइन नंबर जारी किए और लोगों से नष्ट ड्रोन और मोर्टार के अवशेष से दूर रहने को कहा।