MRI Scan क्या होता है? शरीर की किन बीमारियों का पता लगाने में आता है काम

What Is MRI: कुछ बीमारियां ऐसी होती हैं जिनका पता आसानी से नहीं लगाया जा सकता है. इसलिए कई बार डॉक्टर शरीर के अंदरूनी हिस्से में होने वाली बीमारियों का पता एमआरआई स्कैन की मदद से लगाते हैं. यह स्कैन एक बीमारी में नहीं, बल्कि कई बीमारियों का पता लगाने के लिए किया जाता है.

What Is MRI

MRI Scan क्या होता है? Image Credit- Freepik

आजकल हेल्दी दिखने वाले इंसान का भी कोई भरोसा नहीं है. कभी भी कुछ भी हो सकता है और शरीर के अंदरूनी हिस्से में भी कई तरह की बीमारियां पनप सकती हैं. इसका पता काफी ध्यान और परेशानियों के बाद लगता है, क्योंकि लोगों को ऊपरी हिस्से में कुछ खास लक्षण दिखाई नहीं देते हैं. हालांकि, कई बार लगातार एक ही परेशानी बताने वाले मरीजों को एमआरआई कराने की सलाह देते हैं और दवाई देने के बाद भी उनकी ये समस्या दूर नहीं होती है. इसलिए यह जानना जरूरी है कि आखिर एमआरआई स्कैन किन बीमारियों की तलाश में काम आता है. आइए इस लेख में विस्तार से जानते हैं कि इसे किन बीमारियों में किया जाता है.

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MRI Scan क्या होता है?

एमआरआई एक ऐसा मेडिकल टेस्ट है, जिसमें मरीज को एक मशीन के अंदर लिटाया जाता है. मशीन शरीर के अलग-अलग हिस्सों की तस्वीरें तैयार करती है. डॉक्टर इन तस्वीरों की मदद से शरीर के अंदर मौजूद अंगों, मांसपेशियों, नसों, हड्डियों और सॉफ्ट टिश्यू में होने वाले बदलावों को देख सकते हैं. कुल मिलाकर शरीर के किसी खास हिस्से जैसे दिमाग, रीढ़ की हड्डी, घुटने, कंधे, पेट या पेल्विस का एमआरआई किया जा सकता है. 

किन बीमारियों और समस्याओं का पता लगाने में आता है काम?

MRI का इस्तेमाल कई तरह की हेल्थ से जुड़ी समस्याओं का पता लगा सकते हैं और वो कौन सी हैं, आइए इस लेख में विस्तार से जानते हैं. 

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  • दिमाग से जुड़ी बीमारी का पता लगाना- दिमाग से जुड़ी बीमारी का पता लगाने के लिए भी एमआरआई की जाती है. इसका इस्तेमाल ब्रेन ट्यूमर, स्ट्रोक, मल्टीपल स्केलेरोसिस, सूजन या ब्लोटिंग जैसी बीमारियों का पता लगाया जा सकता है. 
  • रीढ़ की हड्डी और नसों की समस्या होना- इस स्कैन रीढ़ की हड्डी, डिस्क और आसपास की नसों की स्थिति को देखा जाता है. स्लिप डिस्क, नस पर दबाव, स्पाइनल कॉर्ड की समस्या और रीढ़ से जुड़ी परेशानियों के लिए टेस्ट फायदेमंद हो सकता है. 
  • मांसपेशियों की चोट लगाना- घुटने, कंधे, कलाई और जोड़ों में चोट या दर्द होने पर एमआरआई कराया जा सकता है. इससे लिगामेंट, टेंडन, कार्टिलेज और मांसपेशियों में हुई चोट का पता लगाने में मदद मिलती है. खिलाड़ियों में स्पोर्ट्स इंजरी की जांच के लिए भी  एमआरआई का इस्तेमाल किया जाता है.
  • शरीर में ट्यूमर या कैंसर का पता लगाना- एमआरआई से शरीर के कुछ हिस्सों में मौजूद गांठ या ट्यूमर की पहचान करने में मदद मिल सकती है. डॉक्टर इसका इस्तेमाल ट्यूमर और आसपास के टिश्यू पर उसके इफेक्ट को समझने के लिए कर सकते हैं.

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अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.

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लेखक के बारे में

Shadma Muskan

Shadma Muskan

शादमा मुस्कान न्यूज 24 डिजिटल में सीनियर सब एडिटर हैं और हेल्थ व लाइफस्टाइल बीट कवर करती हैं. शादमा ने दिल्ली विश्वविद्यालय के डॉ. भीमराव अंबेडकर कॉलेज से BJMC और दिल्ली विश्वविद्यालय के साउथ कैंपस से पीजी डिप्लोमा किया है. उन्होंने गुरु जम्भेश्वर विश्वविद्यालय, हिसार से MJMC की पढ़ाई भी की है. शादमा को पत्रकारिता के क्षेत्र में 5 साल से ज्यादा का अनुभव है. शादमा ने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका और हरिभूमि में इंटर्नशिप से की. इसके बाद, उन्होंने जागरण न्यू मीडिया की वेबसाइट हरज़िंदगी के साथ 4 साल से अधिक समय तक काम किया, जहां उन्होंने हेल्थ और लाइफस्टाइल से जुड़े विषयों पर लेखन किया. इस दौरान उन्होंने ब्यूटी, फैशन, फूड, होम रेमेडीज, गार्डनिंग, होम डेकोर और पेरेंटिंग जैसे विषयों पर भी काम किया. इस अनुभव के दौरान शादमा ने अलग-अलग क्षेत्रों के कई विशेषज्ञों के साथ काम किया है. एक्सपर्ट ओपीनियन के आधार पर वह रीडर्स तक सटीक और आसान शब्दों में चीजों को पहुंचाने का काम कर रही हैं. कुल अनुभव - 5 साल पिछला अनुभव- शादमा ने अपने करियर की शुरुआत राजस्थान पत्रिका से की. इसके बाद तहजीब टीवी, हरिभूमि और जागरण न्यू मीडिया की वेबसाइट के साथ चार साल तक हेल्थ और लाइफस्टाइल पर लिखा. किस क्षेत्र में महारत शादमा मुस्कान को लाइफस्टाइल, ट्रैवल, फूड और हेल्थ से जुड़े विषयों के बारे में काफी अच्छी जानकारी है. इसके अलावा शादमा को फूड रिव्यू, किचन गाइड, फैशन टिप्स, शॉपिंग गाइड, ब्यूटी, रिलेशनशिप और इंटीरियर पर वह विशेषज्ञों से बातचीत के आधार पर लिखती हैं.
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