Breathing Problem: सांस लेने में दिक्कत होना ऐसी समस्या है जिसे हल्के में नहीं लेना चाहिए. सांस लेने में परेशानी होने पर ऐसा महसूस होता है कि फेफड़ों को पर्याप्त हवा नहीं मिल पा रही है. ऐसा लगता है जैसे छाती में जकड़न हो रही है, आप हांफने लगते हैं और सांस लेने के लिए सामान्य से ज्यादा मेहनत लगती है. ऐसे में नेशनल हेल्थ सर्विस, यूके ने अपनी ऑफिशियल वेबसाइट से बताया है कि सांस लेने में दिक्कत (Shortness Of Breath) होना कब गंभीरता से लेना चाहिए और सांस लेने में परेशानी होना किस बीमारी का लक्षण हो सकता है. अगर आपको भी सांस लेने में परेशानी होती है तो यहां दी जानकारी आपके लिए ही है.
सांस फूलना किस बीमारी का लक्षण हो सकता है
सांस फूलने के कुछ साधारण कारण हैं – अस्थमा, छाती का इंफेक्शन, वजन ज्यादा होना, धूम्रपान करना या पैनिक अटैक आना.
कई बार सांस फूलना गंभीर समस्या का लक्षण भी हो सकता है, जैसे फेफड़ों की बीमारी (Lung Disease) क्रॉनिक ऑब्सट्रक्टिव पल्मोनरी डिजीज. इसके अलावा, इडियोपेथिक पल्मोनरी फाइब्रोसिस, हार्ट फेलियर या फेफड़ों के कैंसर में भी सांस फूलने की दिक्कत होती है.
डॉक्टर से कब करना चाहिए संपर्क
अगर आपको अक्सर ही सांस फूलने की दिक्कत होती है, लेटते समय या नॉर्मल एक्टिविटी के बाद भी सांस फूलती है, पैरों में सूजन नजर आती है और 3 हफ्तों से ज्यादा खांसी हो रही है, तो डॉक्टर से मिलकर जांच करवानी चाहिए.
सांस फूलना कब नहीं करना चाहिए इग्नोर
- अगर आपको सांस लेने में दिक्कत होती है, गला रुंधने लगता है या फिर मुंह से शब्द नहीं निकलते हैं
- छाती टाइट और भारी महसूस होती है
- दर्द होता है जो हाथों, पीठ, गर्दन और जबड़ों तक फैल सकता है
- सांस फूलने के साथ ही होंठों की त्वचा पीली, नीली या ग्रे पड़ने लगती है, हथेली का रंग भी बदलने लगता है
- एकदम से कंफ्यूज्ड महसूस होने लगता है.
इस स्थिति में तुरंत जाएं अस्पताल
अगर आपको सांस लेने में दिक्कत हो रही है और आम दिनों से ज्यादा सांस फूल रही है, एकदम से बीमार महसूस होता है, खांसते हुए मुंह से खून निकलता है, एक पैर में सूजन या दर्द है या दिल की धड़कन कम या ज्यादा हो रही है तो तुरंत अस्पताल जाएं.
अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.