हाई ब्लड प्रेशर की समस्या लोगों के बीच तेजी से बढ़ रही है, जिससे राहत पाने के लिए लोग तरह-तरह के रंगीन दवाओं का सेवन करते हैं. बीपी की समस्या पहले बुजुर्गों में काफी आम थी, लेकिन अब ये समस्या युवाओं में भी देखने को मिल रही है, जो शरीर के कई महत्वपूर्ण अंगों पर असर डाल रही है और तरह-तरह की गंभीर बीमारियों में धकेल रही है. अगर आप सोच रहे हैं कि बीपी का बढ़ना सिर्फ दिल पर ही असर डालता है या फिर ये आम समस्या है, तो आपको जानकर हैरानी होगी कि बढ़ा हुई बीपी दिल के साथ-साथ दिमाग और किडनी की सेहत पर भी गंभीर रूप से असर करता है. इसलिए हेल्थ एक्सपर्ट सलाह देते हैं कि नियमित जांच और अच्छी लाइफस्टाइल अपनाकर इस समस्या को कंट्रोल में रखें, वरना हाई बीपी का परिणाम मौत का कारण भी बन सकती है.
यह भी पढ़ें: High BP: ब्लड प्रेशर कंट्रोल में नहीं तो बढ़ सकता है जान का खतरा! दिल से किडनी तक ऐसे पहुंचता है नुकसान
क्यों व्यक्ति हो जाता है बीपी की समस्या का शिकार?
सवाल उठता है कि आखिर बीपी की समस्या क्या है और कैसे पैदा हो जाती है, American Heart Association के अनुसार, ब्लड प्रेशर वह दबाव है जो तब बनता है जब खून आपकी नसों की दीवारों पर दबाव डालता है. इस दबाव के बढ़ने या सामान्य होने के पीछे कई कारण हो सकते हैं, जैसे- नसों का सिकुड़ जाना, दिल को खून और ऑक्सीजन पंप करने में ज्यादा मेहनत करना आदि कारण बनते हैं. नसें आपके दिल से शरीर के दूसरे हिस्सों तक खून पहुंचाती हैं और इसी में गड़बड़ी ब्लड प्रेशर की समस्या पैदा करती है. सामान्य ब्लड प्रेशर 120/80 mm Hg से कम होता है. हाई ब्लड प्रेशर, जिसे ‘हाइपरटेंशन’ (Hypertension) भी कहते हैं, सामान्य से ज्यादा ब्लड प्रेशर होता है. अगर किसी व्यक्ति का बीपी 130/80 mm Hg बना रहता है, या फिर इससे भी ज्यादा रहता है, तो यह संकेत है कि वह व्यक्ति हाई बीपी की समस्या का शिकार हैं और लंबे समय तक इसे नजरअंदाज करना दिल की सेहत, दिमाग की सेहत किडनी पर गंभीर असर डाल सकता है.
WHO के आंकड़े हैरान कर देंगे
ब्लड प्रेशर की समस्या कोई आम समस्या नहीं है और न सिर्फ इसका खतरा भारत में ही है, बल्कि दुनियाभर के लगभग सभी देशों में लोग बड़ी संख्या में इस समस्या का शिकार हैं. WHO के आंकड़े बताते हैं कि, साल 2024 में दुनियाभर में 30 से 79 साल की उम्र के लगभग 1.4 अरब एडल्ट को हाइपरटेंशन था; जोकि इस उम्र के लोगों की कुल आबादी का 33% है. इस आंकड़े से आप ये समझ सकते हैं कि यह कोई छोटी-मोटी या आम सी समस्या नहीं है, जिसे नजरअंदाज कर दिया जाए. ब्लड प्रेशर की समस्या को साइलेंट किलर भी कहा जाता है, क्योंकि ये धीरे-धीरे शरीर को बीमारियों धकेलता जाता है.
किन कारणों से बढ़ता है ब्लड प्रेशर की समस्या?
अक्सर लोगों को पता ही नहीं होता है कि बीपी की समस्या का व्यक्ति शिकार कब और क्यों बन जाता है? अगर आप भी नहीं जानते हैं, तो इस समस्या को लेकर जागरूकता काफी जरूरी है, ताकि आप अगर ये गलती कर रहे हैं, तो पहली ही आप अपने आप पर काबू पा लें, ताकि स्थिति गंभीर न हो जाए. WHO के अनुसार, जो चीजें बीपी की समस्या बढ़ाती है, उसमें;
बढ़ती उम्र
उम्र बढ़ने के साथ खून वाहिकाएं (Blood Vessels) धीरे-धीरे सख्त होने लगती हैं, जिससे ब्लड प्रेशर बढ़ने का खतरा ज्यादा हो सकता है. इसलिए नियमित जांच जरूरी है.
जेनेटिक्स कारण
अगर परिवार में माता-पिता या अन्य करीबी सदस्यों या फिर परिवार के इतिहास में किसी को हाई ब्लड प्रेशर की समस्या रही है, तो व्यक्ति में भी इसका जोखिम बढ़ सकता है.
ज्यादा वजन या मोटापा
शरीर का वजन ज्यादा होने पर दिल को खून पंप करने के लिए ज्यादा मेहनत करनी पड़ सकती है. इससे हाई ब्लड प्रेशर होने का खतरा बढ़ता है. इसलिए अगर आप भी मोटापे का शिकार हो रहे हैं, तो वक्त रहते सही कदम उठाना जरूरी है.
फिजिकल एक्टिविटी की कमी
लंबे समय तक बैठे रहना और नियमित व्यायाम न करना वजन बढ़ने और दिल के स्वास्थ्य को प्रभावित करने लगता है, जिससे हाई बीपी का जोखिम बढ़ता है.
ज्यादा नमक खाना
खाने में ज्यादा नमक लेने से शरीर पर असर पड़ सकता है और हाई बीपी के पीछे नमक का ज्यादा सेवन भी मुख्य कारण माना जाता है.
ज्यादा शराब का सेवन
ज्यादा शराब पीने से ब्लड प्रेशर बढ़ सकता है, लंबे समय तक शराब का सेवन करने से दिल और रक्त वाहिकाओं की सेहत पर भी बुरा असर पड़ सकता है.
कंट्रोल से बाहर ब्लड प्रेशर क्यों खतरनाक?
कंट्रोल से बाहर रहने वाला हाई ब्लड प्रेशर (High Blood Pressure) शरीर के कई जरूरी अंगों को नुकसान पहुंचा सकता है. WHO के अनुसार, इससे दिल की नसें सख्त हो सकती हैं और दिल तक खून और ऑक्सीजन का प्रवाह कम हो सकता है. इसके कारण सीने में दर्द, हार्ट अटैक (Heart Attack), हार्ट फेलियर (Heart Failure) और दिल की धड़कन में बदलाव होने जैसी गंभीर समस्याएं हो सकती हैं. इसके अलावा, हाई बीपी दिमाग तक खून पहुंचाने वाली नसों को ब्लॉक या फटने का कारण भी बन सकता है, जिससे स्ट्रोक का खतरा बढ़ता है. लंबे समय तक हाई बीपी रहने से किडनी भी डैमेज हो सकती है और किडनी फेलियर की समस्या हो सकती है.
हाई बीपी से दिल, दिमाग और किडनी को नुकसान
बीपी का बढ़ा रहना, दिल की धड़कनों पर भी गंभीर स्थिति पैदा कर सकती है और कुछ मामलों में अचानक मौत का कारण बन सकती है. इसके अलावा, हाई बीपी दिमाग की धमनियों को ब्लॉक या डैमेज कर सकती है, जिससे स्ट्रोक हो सकता है. किडनी पर भी इसका बुरा असर पड़ता है और गंभीर स्थिति में किडनी फेलियर का खतरा बढ़ सकता है. इसलिए हाई बीपी को कंट्रोल में रखना जरूरी है, वरना इसका बढ़ा रहना आपको मौत के मुंह में धकेल सकती है.
हाई ब्लड प्रेशर कंट्रोल करने के लिए अपनाएं ये टिप्स
WHO के अनुसार, हाई बीपी को कंट्रोल करने और हार्ट अटैक, स्ट्रोक व किडनी डैमेज का खतरा कम करने के लिए इन बातों का ध्यान रखें:
- हेल्दी डाइट लें: खाने में फल और सब्जियां शामिल करें. नमक प्रतिदिन 2 ग्राम से कम रखने की कोशिश करें और सैचुरेटेड व ट्रांस फैट वाली चीजों से दूरी बनाएं
- रोजाना एक्सरसाइज करें
- वजन कंट्रोल रखें
- तनाव कम करें
- नशे से दूर रहें
- दवाएं समय पर लें
- अन्य बीमारियों का इलाज कराएं: ब्लड प्रेशर की नियमित निगरानी करें, अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का इलाज कराएं और वायु प्रदूषण के संपर्क को कम करने की कोशिश करें.
यह भी पढ़ें: BP कंट्रोल में रखना है तो सिर्फ नमक कम करना काफी नहीं, इन बातों का भी रखें ध्यान
अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.
संबंधित खबरें
कहीं बवासीर समझकर कैंसर को तो नहीं कर रहे नजरअंदाज? डॉक्टर ने बताया
2 hrs agoसिरदर्द समझकर न करें नजरअंदाज! माइग्रेन के ये लक्षण जान लें
21 hrs agoपोलियो की खुराक मिस की? कहीं आप अपने बच्चे को खतरे में तो नहीं डाल रहे!
23 hrs agoबुखार के साथ आंखें घुमाने पर दर्द होना किस बीमारी का लक्षण है? जानिए यहां
1 day agoदिमाग को बनाना है तेज? सदियों पुरानी ये तकनीकें बढ़ा सकती हैं आपकी याददाशत
1 day ago30 घंटे से नहीं सोए हैं तो 20 मिनट का वर्कआउट आ सकता है काम: स्टडी
1 day agoWorld Polio Day 2026: पोलियो होने पर कैसे लक्षण दिखते हैं? UNICEF ने बताया
1 day agoक्या है शमोंडा वायरस, जो पहली बार इंसानों में पाया गया?
1 day agoशुगर की बीमारी शरीर के किन अंगों पर असर डाल सकती है?
1 day agoप्रेग्नेंसी के पहले 3 महीने हैं सबसे ज्यादा जरूरी, AIIMS की डॉक्टर ने बताया
1 day agoन्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
SOURCE: WHO, AMERICAN HEART ASSOCIATION
First published on:
Know More: Editorial Guidelines