Cancer Symptoms: सॉफ्ट टिशू सारकोमा उस कैंसर को कहते हैं जो मांसपेशियों, रक्त धमनियों, रेशेदार टिशू या शरीर के दूसरे सपोर्टिंग टिशूज से शुरु होता है. इसमें ट्यूमर ज्यादातर हाथ, पैर, छाती या पेट पर बनता है. सॉफ्ट टिशू सारकोमा में लक्षण गांठ (Cancer Lump) के रूप में दिख सकते हैं. ऐसे में यहां पहचानना जरूरी होता है कि हाथ-पैरों पर बन रही गांठ आम गांठ है या फिर कैंसर की गांठ है. दाना-फ़ार्बर कैंसर संस्थान, यूएस के अनुसार सॉफ्ट टिशू सारकोमा की गांठ कैसी होती है, जानिए यहां.
हाथ-पैरों पर कैंसर की गांठ
सॉफ्ट टिशू सारकोमा में ज्यादातर हाथ-पैरों पर कैंसर की गांठ बनती है. वहीं, पेट पर बनने वाला सारकोमा के लक्षण तबतक नहीं दिखते हैं जबतक कि ट्यूमर बहुत बढ़ नहीं जाता है. सारकोमा जैसे-जैसे बढ़ता जाता है वैसे-वैसे मांसपेशियों या खून की नसों पर दबाव डालता है. इस स्थिति में दर्द होने लगता है और सांस लेने में दिक्कत हो सकती है. इस बात का ध्यान रखना जरूरी है कि यह लक्षण आम दिक्कत के भी हो सकते हैं, इसीलिए डॉक्टर से कंफर्म करना जरूरी है.
सॉफ्ट टिशू सारकोमा के लक्षणों की स्टेज
स्टेज 1 – धड़, हाथ और पैरों में ट्यूमर का साइज स्टेज 1A में 5 सेंटीमीटर या उससे छोटो होता है और लो ग्रेड का होता है. स्टेज 1B में ट्यूमर का साइज 5 सेंटीमीटर से बड़ा होता है.
स्टेज 2 – इसमें कैंसर के ट्यूमर का साइज 5 सेंटीमीटर या उससे छोटा होता है और यह मिड ग्रेड या हाई ग्रेड होता है.
स्टेज 3 – स्टेज 3A में ट्यूमर का साइज 5 सेंटीमीटर से बड़ा होता है लेकिन 10 सेंटीमीटर से बड़ा नहीं होता है. यह मिड ग्रेड या हाई ग्रेड का होता है. स्टेज 3B में ट्यूमर का साइज 10 सेंटीमीटर से बड़ा होता है और यह मिड ग्रेड या हाई ग्रेड का होता है.
स्टेज 4 – ट्यूमर किसी भी साइज का हो सकता है और आस-पास के लिम्फ नोड्स में फैल सकता है. इस स्टेज तक कैंसर शरीर कि किसी दूसरे हिस्से में जैसे फेफड़े तक फैल सकता है.
अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.