Brain Tumor Symptoms: हर साल अक्टूबर के आखिरी हफ्ते में अंतर्राष्ट्रीय मस्तिष्क ट्यूमर जागरूकता सप्ताह (International Brain Tumour Awareness Week) मनाया जाता है. इस साल शनिवार, 24 अक्टूबर से शनिवार, 31 अक्टूबर तक अंतर्राष्ट्रीय मस्तिष्क ट्यूमर जागरूकता सप्ताह मनाया जा रहा है. इस सप्ताह को मनाने का मकसद ब्रेन ट्यूमर के प्रति लोगों को जागरूक करना और इसके खतरों, लक्षणों और इलाज के बारे में बताना है. ऐसे में AIIMS के न्यूरोसर्जरी डिपार्टमेंट और गामा नाइफ सेंटर के हेड डॉ. प्रोफेसर सरत चंद्र बता रहे हैं ब्रेन ट्यूमर क्या है, इसमें सिर का दर्द (Headache) कैसा होता है और अन्य कौन से लक्षण हैं जिन्हें समय रहते पहचानना जरूरी है.
क्या होता है ब्रेन ट्यूमर | What Is Brain Tumor
ब्रेन ट्यूमर का मतलब है दिमाग में होने वाली ग्रोथ जो बढ़ती जाती है. इसकी वजह से मस्तिष्क में प्रेशर बढ़ता रहता है जिससे मरीज में इसके लक्षण महसूस होने लगते हैं. हर एक ब्रेन ट्यूमर कैंसर नहीं होता है बल्कि ब्रेन ट्यूमर कई तरह के हो सकते हैं. WHO की क्लासिफिकेशन की लिस्ट देखें तो 600 से ज्यादा तरह के ब्रेन ट्यूमर होते हैं. यह ब्रेन ट्यूमर पर निर्भर करता है कि उसकी ग्रेडिंग क्या है जिसकी वजह से जाना जा सकता है कि यह कैंसरस टाइप का है या नहीं.
क्या हर ब्रेन ट्यूमर में सर्जरी की जरूरत होती है (Brain Tumor Surgery)
हर ब्रेन ट्यूमर में सर्जरी की जरूरत नहीं होती है. बहुत से ब्रेन ट्यूमर बिना कैंसर वाले होते हैं या बहुत से ऐसे हैं जो बहुत धीरे से बढ़ते हैं या बढ़ते ही नहीं हैं. ऐसे में बहुत से ब्रेन ट्यूमर को बिना ऑपरेशन सिर्फ गामा नाइफ देकर ठीक कर सकते हैं. छोटे ट्यूमर के लिए भी गामा नाइफ दिया जाता है.
ब्रेन ट्यूमर में कैसा होता है सिर का दर्द (Headache In Brain Tumor)
ब्रेन ट्यूमर का सबसे आम लक्षण है सिर का दर्द. इसे सुनकर अक्सर लोग चिंता में पड़ जाते हैं कि उन्हें तो हर समय सिरदर्द होता है, तो क्या इसका मतलब यह है कि ब्रेन ट्यूमर हो गया है. इसपर डॉक्टर जवाब देते हुए बताते हैं कि सिर का दर्द एक आम लक्षण है जो किसी को भी नजर आ सकता है. लेकिन, ब्रेन ट्यूमर के सिर का दर्द अलग किस्म का होता है. यह सिरदर्द प्रोग्रेसिव होता है यानी बढ़ता जाता है. यह हर रोज धीरे-धीरे बढ़ता है.
यह सिरदर्द सुबह के समय जैसे 4 बजे या उससे भी पहले 3 बजे हो सकता है जिसकी वजह से मरीज की नींद खुल जाती है. मरीज इस सिरदर्द में उल्टी भी करता है. इस उल्टी को प्रोजेक्टाइल वॉमिटिंग कहते हैं, यानी यह उल्टी बहुत दूर जाकर गिरती है, किसी झरने की तरह दूर जाकर गिरती है.
इन 2 चीजों से ही ब्रेन ट्यूमर के सिरदर्द को पहचाना जा सकता है. सिरदर्द और उल्टी होने के समय आंखों में धुंधलापन भी आ सकता है और देखने में दिक्कत होती है.
ब्रेन ट्यूमर के और क्या लक्षण हैं (Brain Tumor Symptoms)
सिरदर्द, उल्टी और आंखों में धुंधलेपन के अलावा ब्रेन ट्यूमर में दौरा भी पड़ सकता है. 30 साल की उम्र के बाद किसी को भी पहली बार दौरा पड़ा है तो उन्हें एमआरआई जरूर कराना चाहिए. MRI से ब्रेन ट्यूमर पकड़ में आ जाता है.
ब्रेन ट्यूमर की जांच और इलाज कैसे होता है (Brain Tumor Treatment)
ब्रेन ट्यूमर की जांच में MRI बेहद प्रभावी है. ब्रेन ट्यूमर के इलाज की बात करें तो बहुत से ऐसे ब्रेन ट्यूमर हैं जिनकी सर्जरी करनी पड़ती है. ऐसे में तकनीकी विकास के चलते दिमाग के उन हिस्सों की भी सर्जरी संभव हो पाई है जो पहले नहीं होती थी. रोबोटिक टेक्नीक्स से भी ट्यूमर तक पहुंचा जा सकता है. इमेजिंग तकनीकों से भी ब्रेन ट्यूमर के इलाज में मदद मिलती है. इसके अलावा, गामा नाइफ टेक्नीक है जिससे दिमाग को खोले बिना 3 से 4 घंटों में इलाज किया जा सकता है. छोटे ट्यूमर में यह कारगर तकनीक साबित होती है. कैंसर के मरीजों को कीमोथेरैपी और रेडियोथेरैपी भी दी जा सकती है.
अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.