खबर की मुख्य बातें:
- Harvard Health Publishing के अनुसार, लगातार मुंह से बदबू आना टॉन्सिलाइटिस, साइनस संक्रमण, ब्रोंकाइटिस, पाचन संबंधी बीमारियों या लिवर/किडनी की गंभीर बीमारी का संकेत हो सकता है.
- मुंह की बदबू को कम करने के लिए दिन में कम से कम दो बार ब्रश करना, जीभ साफ करना और अल्कोहल-फ्री माउथवॉश का उपयोग करना चाहिए.
- अगर नियमित सफाई के बावजूद सांसों से बदबू आती रहती है, तो डेंटिस्ट से जांच कराना बेहतर है, क्योंकि वे मेडिकल और डेंटल हिस्ट्री की जांच कर संभावित वजह का पता लगा सकते हैं.
मुंह से बदबू आना एक आम समस्या है, जो अक्सर लोगों में पाई जाती है. कई लोगों की शिकायत रहती है कि उनके मुंह से ज्यादा बदबू आती है, जो ब्रश करने के बाद भी बनी रहती है और जाती भी नहीं है. बदबू परेशान तब करने लगती है, जब लोग टोकने लगते हैं और दूर होने लगते हैं या फिर मजाक-मजाक में भी बदबू पर कुछ बोल देते हैं. इस तरह की स्थिति में न सिर्फ बुरा लगता है, बल्कि आत्मविश्वास भी कमजोर हो जाता है. ऐसे में सवाल उठता है कि आखिर मुंह से बदबू क्यों आती है और कैसे हम इस समस्या से राहत पा सकते हैं. आइए इस स्टोरा में जानते हैं आपकी सभी सवालों के जवाब.
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क्या मुंह की बदबू किसी बीमारी का संकेत हो सकती है?
Harvard Health Publishing के अनुसार, कुछ मामलों में लगातार मुंह से बदबू आने का संबंध अन्य स्वास्थ्य समस्याओं से भी हो सकता है, जिसमें टॉन्सिलाइटिस, साइनस संक्रमण और ब्रोंकाइटिस जैसी सांस से जुड़ी समस्याएं शामिल हैं, जो सांसों की दुर्गंध का कारण बन सकती हैं. इसके अलावा, पाचन तंत्र से जुड़ी कुछ बीमारियां भी इसके पीछे जिम्मेदार हो सकती हैं. कुछ गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं में भी सांसों की गंध में बदलाव देखा जा सकता है.
उदाहरण के लिए, लिवर या किडनी की गंभीर बीमारी और कंट्रोल में न रहने वाला डायबिटीज के कारण भी सांसों से अजीब गंध आ सकती है. हालांकि, इन बीमारियों के बारे में जानने के बाद यह मानना सही नहीं रहेगा कि आप किसी बीमारी के ही शिकार हो, बल्कि अच्छे से सफाई न होने पर भी ऐसी स्थिति बन सकती है. बेहतर रहेगा कि आप दुर्गंध लगातार बनी रहती है या इसके साथ अन्य लक्षण भी महसूस होते हैं, तो डॉक्टर से जांच कराएं न कि किसी बीमारी से जोड़कर खुद से दवा या नुस्खों पर निर्भर रहे.
मुंह की बदबू दूर करने के लिए रोजाना क्या करें?
सांसों की बदबू को कम करने के लिए सबसे पहले मुंह की सफाई की आदतों को बेहतर बनाना चाहिए. इसके लिए कुछ आसान उपाय अपनाए जा सकते हैं.
- दिन में कम से कम दो बार ब्रश करें: फ्लोराइड वाले टूथपेस्ट से नियमित रूप से दांत साफ करें. खाने के बाद भी दांतों की सफाई पर ध्यान दें.
- जीभ की सफाई न भूलें: जीभ पर जमा गंदगी और बैक्टीरिया सांसों की बदबू की वजह बन सकते हैं. इसलिए दांतों के साथ जीभ की सफाई भी जरूरी है.
- अल्कोहल-फ्री माउथवॉश इस्तेमाल करें: रात को सोने से पहले अल्कोहल-फ्री माउथवॉश से कुल्ला और गरारे करना मददगार हो सकता है.
- तंबाकू और धूम्रपान से बचें: धूम्रपान और तंबाकू चबाने की आदत मुंह की सेहत को नुकसान पहुंचा सकती है और सांसों की दुर्गंध की समस्या बढ़ा सकती है.
- नियमित डेंटल चेकअप कराएं: दांतों और मसूड़ों की जांच कराने से बदबू के पीछे छिपी समस्याओं का पता लगाने में मदद मिल सकती है.
Harvard के अनुसार, इन आदतों को रोजमर्रा की जिंदगी में शामिल करने से मुंह की सफाई बेहतर रखने और बदबू की समस्या को कम करने में मदद मिल सकती है.
मुंह सूखने की समस्या है तो क्या करें?
बदबू के पीछे मुंह का सूखना भी एक कारण हो सकता है. मुंह में पर्याप्त लार न बनने की स्थिति को ड्राई माउथ कहा जाता है. लार मुंह को नम रखने में अहम भूमिका निभाती है, लेकिन इसकी कमी से मुंह में सूखापन महसूस हो सकता है और सांसों की बदबू की परेशानी बढ़ सकती है. अगर आपको बार-बार मुंह सूखने की समस्या होती है, तो पूरे दिन पर्याप्त मात्रा में पानी पीने पर ध्यान दें. इसके अलावा, ड्राई माउथ के लिए डॉक्टर की सलाह और उनके द्वारा दी गई दवाओं का नियमित रूप से सेवन करें.
कब डॉक्टर या डेंटिस्ट से संपर्क करना चाहिए?
अगर नियमित रूप से ब्रश करने, जीभ साफ रखने और मुंह की सफाई का ध्यान रखने के बावजूद सांसों से बदबू आती रहती है, तो डेंटिस्ट से जांच कराना बेहतर है. डॉक्टर सबसे पहले आपकी मेडिकल और डेंटल हिस्ट्री के बारे में जानकारी ले सकते हैं. इसके बाद मुंह और दांतों की जांच करके बदबू की संभावित वजह का पता लगाने की कोशिश की जाती है. जरूरत पड़ने पर सांसों की बदबू की पुष्टि करने के लिए विशेष जांच भी की जा सकती है. अगर जांच में दांतों या मसूड़ों की समस्या सामने आती है, तो डेंटिस्ट सही इलाज की सलाह दे सकते हैं.
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अस्वीकरण – इस खबर को सामान्य जानकारी के तौर पर लिखा गया है. अधिक जानकारी के लिए विशेषज्ञ की सलाह लें या चिकित्सक से परामर्श करें. न्यूज 24 किसी तरह का दावा नहीं करता है.
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SORUCE: Harvard Health Publishing
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