एसोसिएशन ऑफ मलयालम मूवी आर्टिस्ट्स यानी AMMA रविवार को जनरल बॉडी मीटिंग कर रही है। एशियानेट की रिपोर्ट के अनुसार, मोहनलाल, जो AMMA के अध्यक्ष थे, उन्होंने यह कहकर चुनाव लड़ने से इनकार कर दिया है कि अगर पदों को भरने के लिए चुनाव कराए गए तो वे हिस्सा नहीं लेंगे, हालांकि ऐड हॉक कमिटी चाहती है कि वह अपना कार्यकाल जारी रखें।
मोहनलाल ने क्या कहा?
रविवार को कोच्चि में एक जनरल बॉडी मीटिंग हो रही है, जिसमें एसोसिएशन के भविष्य पर निर्णय लिया जाएगा। एशियानेट की एक रिपोर्ट के मुताबिक, यह बैठक उस समय हो रही है जब मोहनलाल ने एसोसिएशन से कहा कि अगर पदों को भरने के लिए नए चुनाव कराए जाते हैं तो वे चुनाव नहीं लड़ेंगे। 31 मई को हुई पिछली जनरल बॉडी मीटिंग में ऐड हॉक कमिटी ने मोहनलाल से आग्रह किया था कि वे अध्यक्ष पद पर बने रहें।
मोहनलाल की अगुवाई में एक ऐड हॉक बॉडी गठित की गई थी जो एसोसिएशन के कामकाज को संभाल रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, संभावना है कि चुनाव नहीं होंगे और यह कमिटी बिना मतदान के ही काम जारी रखेगी। मोहनलाल अध्यक्ष बने रहेंगे। उन्होंने पिछले साल अगस्त में हेमा कमिटी रिपोर्ट के बाद इस्तीफा दे दिया था। उनके इस्तीफे के बाद गवर्निंग बॉडी को भंग कर दिया गया था।
हेमा कमिटी रिपोर्ट
हेमा कमिटी रिपोर्ट का एक संशोधित संस्करण पिछले साल प्रकाशित किया गया था जिसने मलयालम फिल्म इंडस्ट्री को झकझोर कर रख दिया। इस रिपोर्ट में बताया गया था कि कैसे महिलाएं फिल्म इंडस्ट्री में यौन, शारीरिक और मानसिक शोषण का शिकार होती हैं, साथ ही कमजोर स्थिति में रहने वालों का भी शोषण होता है।
इस महीने की शुरुआत में अभिनेत्री पार्वती तिरुवोथु ने केरल सरकार को यह कहते हुए आरोप लगाया कि फिल्म इंडस्ट्री को सुरक्षित स्थान बनाने के लिए कोई कदम नहीं उठाए गए हैं। उन्होंने लिखा, ‘अब क्या हम उस असली कारण पर ध्यान दे सकते हैं जिसकी वजह से यह कमिटी बनी थी? इंडस्ट्री में नियम-कानून लागू करने के लिए पॉलिसी तैयार करना? इसका क्या हुआ? कोई जल्दी नहीं है क्या? रिपोर्ट को जमा किए सिर्फ साढ़े पांच साल ही तो हुए हैं।’