हिंदी दिग्गज दिवंगत गायिका लता मंगेशकर (Lata Mangeshkar) ने अपने करियर में 30 हजार से ज्यादा गाने गए थे, उनकी कोयल जैसी आवाज ने पूरे भारत में अपना जलवा बिखेर रखा था. दिवंगत के सदाबहार गाने आज लोगों को काफी पसंद आ रहे हैं. लेकिन सिंगर का एक गाना लोगों तक सही से नहीं पहुंच पाया और फ्लॉप साबित हो गया है.
लेकिन देश में दिवंगत सिंगर का जो गाना फ्लॉप साबित हुआ था, उसी गाने का अमेरिका में एक सिंगर ने बिना परमिशन के कॉपी बना दिया था, जिसके बाद काफी बवाल मचा था. इतना ही नहीं इस अमेरिकी सिंगर और कंपोजर पर 4000 करोड़ रुपये का केस किया था. हम जिस गाने की बात कर रहे हैं, वो साल 1981 में रिकॉर्ड किया गया था. यह गाना फिल्म 'ज्योति' में दर्शाया गया था, जिसका टाइटल 'थोड़ा रेशम लगता है'.
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'थोड़ा रेशम लगता है' गाना कब गाया था?
आपको बता दें कि साल 1981 में इस गाने को लता मंगेशकर ने अपनी आवाज दी थी, तो वहीं इस गाने का संगीत बप्पी लाहिड़ी ने तैयार किया था. लता जी के इस गाने को अरुणा ईरानी पर फिल्माया गया था. यह गाना देश ही नहीं बल्कि विदेशों में भी काफी ज्यादा पसंद किया गया था. बता दें कि इस गाने की धून अमेरिकी रैपर और प्रोड्यूसर डीजे क्विक को इतना पसंद आई थी कि उन्होंने बिना परमिशन के इस गाने का यूज अपने गाने में कर लिया था.
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डीजे क्विक पर सारेगामा ने 4000 करोड़ रुपये का किया केस
बता दें कि डीजे क्विक ने सिंगर ट्रुथ हर्ट्स के लिए 'एडिक्टिव' नाम का एक गाना तैयार किया था. इस गाने में लता मंगेशकर 'थोड़ा रेशम लगता है' का म्यूजिक और बीट्स का बिना परमिशन कॉपी कर लिया था. इतना ही नहीं यह बिलबोर्ड चार्ट के टॉप 10 अपनी जगह बना ली थी. वहीं जब इस बात की जानकारी भारतीय संगीत कंपनी सारेगामा को मिली, तो उन्होंने अमेरिकी म्यूजिक कंपनियों के खिलाफ केस कर दिया था. इतना नहीं उन्होंने अमेरिकी प्रोड्यूसर पर 500 मिलियन डॉलर यानी करीब 4000 करोड़ रुपये का कॉपीराइट केस किया था. वहीं बाद में विदेशी स्टाइल से इंस्पायर होकर एक और गाना तैयार किया गया था, जिसका टाइटल 'कलियों का चमन' था. इस गाने को संगीतकार हैरी आनंद ने बनाया था.
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