Actor Nassar Best Movies: साउथ सिनेमा से कई एक्टर्स आज ग्लोबल स्टार्स बन चुके हैं. ऐसा ही एक एक्टर है, जो टॉलीवुड से लेकर बॉलीवुड तक अपने खूंखार विलेन रोल्स के लिए प्रसिद्ध है. फिल्म बाहुबली से लेकर अक्षय कुमार की राउडी राठौर तक में निभाए गए उनके निगेटिव रोल्स को कोई नहीं भूलता. लेकिन हमेशा से ही इनका जीवन इतना सफल नहीं था. अपने मुश्किलों से भरे दिनों में वे कभी सिक्योरिटी गार्ड का भी काम किया करते थे. यह शानदार एक्टर और कोई नहीं बल्कि Nassar हैं.
कौन हैं Nassar?
नासर, जिन्हें लोग ‘बहुबली’ फिल्म में भल्लालदेव के पिता बिज्जलदेव के रूप में जानते हैं, साउथ सिनेमा के बड़े नाम हैं. उनका जन्म 5 मार्च 1958 को तमिलनाडु के चेंगलपट्टू जिले में एक साधारण परिवार में हुआ था. उनका पूरा नाम मुहम्मद हनीफ है. आज वे मशहूर एक्टर, डायरेक्टर और प्रोड्यूसर हैं, लेकिन उनकी जिंदगी आसान नहीं रही. उन्होंने अपने शुरुआती दिनों में बहुत संघर्ष किया और मेहनत से ऊंचाइयों को छुआ.
छोटे छोटे कामों से पाया बड़ा मुकाम
नासर की पढ़ाई पूरी होने के बाद उन्हें फिल्मों में काम मिलने में बहुत मुश्किल हुई. लोग उनकी शक्ल पर ताने मारते थे. कोई कहता था कि नाक तोते जैसी है, कोई चौड़े माथे पर हंसता था. ऐसे में उन्हें पैसे कमाने के लिए अलग-अलग काम करने पड़े. उन्होंने होटल में वेटर का काम किया. इसके अलावा सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी भी की. ये दिन उनके लिए बहुत मुश्किल थे. वे सोचते थे कि क्या कभी फिल्मों में काम मिलेगा? लेकिन हिम्मत नहीं हारी. वे लगातार कोशिश करते रहे.
फिल्मों में एंट्री और सफलता की शुरुआत
नासर को सबसे पहले 1985 में फिल्मों में मौका मिला. उन्होंने के. बालचंदर की तमिल फिल्म ‘कल्याण अगाथिगल’ में छोटा रोल किया. फिर उन्होंने विलेन के किरदार निभाने शुरू किए. इससे उनके करियर को चार चांद लग गए. 1987 में मणिरत्नम की फिल्म ‘नायगन’ में पुलिस अफसर का रोल करके वे चर्चा में आए. फिर कमाल हसन के साथ काम करके उनकी पहचान बनी. धीरे-धीरे वे तमिल, तेलुगु, मलयालम और हिंदी फिल्मों में काम करने लगे. बता दें कि उन्होंने 500 से ज्यादा फिल्में कीं. कभी पुलिस वाले बने, कभी पिता, कभी कॉमेडी रोल किए, लेकिन विलेन के किरदार में वे सबसे ज्यादा याद किए जाते हैं.