CBSE Warning: सीबीएसई की सख्त चेतावनी! नाम या DOB की गलती में सुधार के लिए देने होंगे पूरे सबूत, वरना रद्द होगा आवेदन

CBSE Student Detail Correction Warning: CBSE ने स्कूलों को छात्र की डिटेल्स में सुधार के लिए सख्त निर्देश दिए हैं. अधूरे कागजातों वाली करेक्शन अर्जी सीधे रिजेक्ट होगी. जानें पेरेंट्स के लिए जरूरी बातें.

CBSE Warning Over Student Detail Corrections Concept Image

स्कूल-पेरेंट्स ध्यान दें, CBSE ने सख्त चेतावनी जारी की है. छात्र की डिटेल्स में गलती सुधारनी है तो पूरे सबूत देने होंगे. वरना ऐप्लिकेशन रिजेक्ट होगी (फोटो क्रेड‍िट- एआई)

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अगर आपका बच्चा CBSE बोर्ड (Central Board of Secondary Education) में पढ़ाई कर रहा है, तो यह खबर स्कूलों के साथ-साथ पेरेंट्स और स्टूडेंट्स के लिए भी बेहद जरूरी है. अक्सर देखने में आता है कि नाम की स्पेलिंग, जन्म तिथि (DOB) या माता-पिता के नाम में गलती होने पर लोग रिजल्ट आने के बाद बोर्ड के चक्कर काटते हैं. लेकिन अब सीबीएसई ने इस पर सख्त रुख अपना लिया है.

23 सितंबर 2026 को जारी एक नए सर्कुलर में बोर्ड ने सभी मान्यता प्राप्त स्कूलों को कड़ी चेतावनी दी है कि छात्र की डेमोग्राफिक डिटेल्स (नाम, DOB, माता-पिता का नाम) में सुधार का कोई भी आवेदन बिना पूरे और सर्टिफाइड दस्तावेजों (Documents) के भेजा गया, तो उसे सीधे रिजेक्ट (Reject) कर दिया जाएगा.

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आइए, जानते हैं कि सीबीएसई का नया नियम क्या है और पेरेंट्स को किन बातों का ध्यान रखना होगा.

क्यों सख्त हुआ CBSE?

सीबीएसई का कहना है कि रिजल्ट घोषित होने के बाद बोर्ड के पास सुधार की अर्जियों की बाढ़ आ जाती है. इनमें से ज्यादातर अर्जियों में जरूरी डाक्यूमेंट्स अधूरे होते हैं. कई बार छात्र के पिछले स्कूलों के रिकॉर्ड गायब होते हैं. जमा किए गए कागजों में काफी कटिंग होती है या वे साफ नहीं होते. कुछ छात्र और पेरेंट्स स्कूल को छोड़ सीधे सीबीएसई बोर्ड पहुंच जाते हैं या लीगल नोटिस भेजते हैं, जिससे प्रक्रिया और जटिल हो जाती है.

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9वीं से 12वीं के बीच मिलते हैं 20 मौके
सीबीएसई ने साफ किया है कि किसी भी छात्र को अपनी जानकारी चेक करने और सही कराने के लिए क्लास 9 से 12वीं के दौरान लगभग 20 मौके मिलते हैं. क्लास 9वीं में पहली बार रजिस्ट्रेशन होता है, तब कार्ड डाउनलोड करके पेरेंट्स को दिखाया जाता है.

10वीं और 12वीं की परीक्षा से पहले लिस्ट ऑफ कैंडिडेट्स भरते समय पेरेंट्स से साइन लिए जाते हैं. इसके अलावा परीक्षा से ठीक पहले एडमिट कार्ड पर छपी डिटेल्स को भी चेक करने का मौका मिलता है.

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11वीं में रजिस्ट्रेशन और 12वीं में फॉर्म भरते वक्त फिर से डिटेल्स वेरिफाई की जाती हैं. इसी तरह की जब 20 बार मौका मिलने के बाद भी गलतियां ध्यान में नहीं लाई जातीं और रिजल्ट आने के बाद अचानक अर्जी दी जाती है, तो बोर्ड के लिए वेरिफाई करना मुश्किल हो जाता है.

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स्कूलों और पेरेंट्स के लिए नई गाइडलाइंस
स्कूल को यह सुनिश्‍च‍ित करना होगा कि छात्र के एडमिशन फॉर्म, स्कॉलर रजिस्टर, ट्रांसफर सर्टिफिकेट (TC) और पुराने सभी स्कूलों के सर्टिफाइड रिकॉर्ड पूरी तरह दुरुस्त हों.

छात्र या पेरेंट्स सीधे सीबीएसई को एप्लिकेशन नहीं भेज सकते. सभी करेक्शन रिक्‍वेस्ट अनिवार्य रूप से स्कूल के माध्यम से ही बोर्ड को भेजी जाएंगी. जब भी स्कूल आपको रजिस्ट्रेशन कार्ड या LOC पर साइन करने के लिए दे, तो स्पेलिंग, स्पेसिंग और जन्म तिथि को एक-एक अक्षर मिलाकर चेक करें.

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सीबीएसई का यह फैसला साफ बताता है कि रिजल्ट आने के बाद सुधरवा लेंगे… वाला रवैया अब नहीं चलेगा. 9वीं और 11वीं में बच्चे का एडमिशन होते ही हर डाक्यूमेंट को ध्यान से जांच लें ताकि आगे चलकर किसी परेशानी का सामना न करना पड़े.

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लेखक के बारे में

Vandana Bharti

Vandana Bharti

वन्‍दना भारती News 24 में बतौर ड‍िप्‍टी न्‍यूज एडिटर कार्यरत हैं और मौजूदा समय में बिजनेस डेस्‍क संभाल रही हैं. वन्दना News 24 के लिए स्टॉक मार्केट, पर्सनल फाइनेंस, कमोडिटी मार्केट, सरकारी योजनाओं पर खबरें लिखती हैं. वन्‍दना ने अपने करियर की शुरुआत दैन‍िक जागरण अखबार से की. इसके बाद देशबंधु अखबार में उन्होंने ब‍िजनेस रिपोर्टिंग में अपनी विशेषज्ञता विकसित की. साल 2010 में उन्होंने ह‍िन्‍दुस्‍तान अखबार में अपनी सेवाएं दीं, जहां उन्होंने ब‍िजनेस पेज के लिए 6 साल तक काम किया. वन्‍दना, आजतक डिजिटल, India.com और News18.com जैसे न्यूज प्लेटफॉर्म्स में बिजनेस डेस्क से जुड़ी रही हैं. वन्दना ने दिल्ली विश्वविद्यालय से बीकॉम किया है. कॉमर्स बैकग्राउंड होने के कारण उनकी बिजनेस की खबरों में अच्छी पकड़ है और इन खबरों को वह आसान भाषा में यूजर्स तक पहुंचाती हैं. कितने साल का अनुभव: 18 साल योग्यता: शैक्षणिक योग्यता की बात करें तो उन्होंने दिल्ली विश्वविद्यालय से बी.कॉम और नई द‍िल्‍ली के YMCA संस्‍थान से पत्रकार‍िता में पीजीडीएमए की डिग्री प्राप्त की है.
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