वैश्विक कैब एग्रीगेटर कंपनी उबर (Uber) से इस वक्त एक बड़ी खबर आ रही है। दुनिया भर की बड़ी टेक कंपनियों में जारी छंटनी के सिलसिले के बीच अब उबर ने भी अपने मानव संसाधन (HR) और पीपुल-ऑपरेशन्स विभाग में बड़ी कटौती की है। कंपनी ने अपने एचआर वर्कफोर्स के 23 प्रतिशत कर्मचारियों को नौकरी से निकाल दिया है। कंपनी के मुताबिक, यह फैसला ऑपरेशन्स को सुव्यवस्थित (Streamline) करने के उद्देश्य से लिया गया है, जिसका नेतृत्व उबर की नवनियुक्त प्रेसिडेंट जिल हेज़लबेकर कर रही हैं।
कुल वर्कफोर्स के 1% से भी कम कर्मचारियों पर असर
उबर ने प्रभावित होने वाले कर्मचारियों की सटीक संख्या का खुलासा तो नहीं किया है, लेकिन सीएनबीसी (CNBC) की एक रिपोर्ट के अनुसार, यह कटौती कंपनी के कुल 34,000 कर्मचारियों के कार्यबल (Total Workforce) के 1 प्रतिशत से भी कम है।
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उबर के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) दारा खोसरोशाही ने एक आंतरिक मेमो (Internal Memo) में इस फैसले को सही ठहराते हुए कहा कि पीपुल टीम की प्रभावशीलता को अधिकतम करने और हमारे सामने मौजूद विशाल संभावनाओं को भुनाने के लिए ये बदलाव बेहद आवश्यक हैं।
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वहीं, कंपनी की चीफ कॉर्पोरेट अफेयर्स ऑफिसर और प्रेसिडेंट जिल हेजलबेकर ने मेमो में स्पष्ट किया कि पुरानी पीपुल टीम काफी जटिल और बिखरी हुई थी, जहां जिम्मेदारियां आपस में टकरा रही थीं। इस छंटनी के बाद कंपनी को एक अधिक कनेक्टेड, आधुनिक और ऑपरेशनली मजबूत संगठन बनाने में मदद मिलेगी।
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छंटनी की वजह AI नहीं, लेकिन उबर ने 4 महीने में ही फूंक दिया सालभर का एआई बजट
दिलचस्प बात यह है कि जहां कई टेक कंपनियां आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के आने के बाद कर्मचारियों की छंटनी कर रही हैं, वहीं उबर ने दावा किया है कि इस फैसले का एआई-संचालित पुनर्गठन से कोई लेना-देना नहीं है।
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हालांकि, ब्लूमबर्ग (Bloomberg) की एक रिपोर्ट के अनुसार, उबर के भीतर एआई का इस्तेमाल बहुत तेजी से बढ़ रहा है। रिपोर्ट में सामने आई कुछ अहम बातें इस प्रकार हैं:
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बजट हुआ खत्म: एआई से जुड़े खर्च इतनी तेजी से बढ़े कि उबर के टेक यूनिट ने वर्ष 2026 का अपना पूरा एआई बजट महज चार महीनों में ही फूंक दिया।
खर्च की सीमा (Spending Limits): खर्च को नियंत्रित करने के लिए कंपनी ने एजेंटिक एआई टूल्स और कोडिंग असिस्टेंस का उपयोग करने वाले कर्मचारियों के लिए $1,500 प्रति माह (लगभग ₹1.25 लाख) की गाइडलाइन तय की है।
पाबंदी नहीं, केवल दिशा-निर्देश: कंपनी ने साफ किया है कि यह $1,500 की सीमा कोई कड़ा प्रतिबंध नहीं है। यदि काम की जटिलता या जरूरत ज्यादा है, तो कर्मचारी उचित मंजूरी या स्पष्टीकरण देकर इस बजट सीमा से आगे भी जा सकते हैं।