Success Story: जहां चाह है, वहां राह है- ये केवल कहने की बात नहीं है, क्योंकि दिल्ली के नजफगढ़ इलाके में रहने वाली कृष्णा यादव ने इस बात को सच साबित कर दिया है। केवल 500 रुपये से शुरुआत करके कृष्णा ने 5 करोड़ रुपये का टर्नओवर देने वाली कंपनी खड़ी कर दी है। कृष्णा ने केवल एक कमरे से अचार बनाने की शुरुआत की थी, जिसके बाद लगातार मेहनत से उन्होंने एक कंपनी खड़ी कर ली, जिसका टर्नओवर 5 करोड़ का है।
कृष्णा यादव की कंपनी का नाम श्री कृष्णा पिकल्स है, जिसकी शुरुआत 21 नवंबर 2011 को की गई थी। अब कंपनी 5 करोड़ का टर्नओवर देती है और इसमें सैकड़ों महिलाएं काम करती हैं। अपने पति और तीन बच्चों के साथ दिल्ली आते समय शायद कृष्णा ने भी अपने इस शानदार सफर के बारे में नहीं सोचा होगा। आइये इनकी बिजनेस सक्सेस स्टोरी के बारे में जानते हैं।
बेचना पड़ा अपना घर
कृष्णा का जन्म उत्तर प्रदेश के छोटे से गांव दौलतपुर में हुआ था और वह कभी स्कूल नहीं गई थी। शादी के बाद वे अपने पति के साथ बुलंदशहर चली गईं, जो ट्रैफिक पुलिस अधिकारी की नौकरी में थे। मगर आचानक कृष्णा पर दुखों का पहाड़ टुट गया, जब उनके पति की नौकरी चली गई और वाहन व्यापार में भारी नुकसान झेलना पड़ा। इसके चलते कृष्णा और उनके पति को अपने दो घर बेचने पड़े। स्थिति ऐसी हो गई थी कि उनके रोज के खाने के लिए भी परेशानी होनी लगी थी। उन्हें कई दिनों तक सब्जी नसीब नहीं होती थी और नमक रोटी से गुजारा करना पड़ता था।
500 रुपये से की थी शुरुआत
जब हालात बेकाबू हो गए तो कृष्णा ने फिर के बार शुरुआत के लिए दिल्ली की तरफ रुख किया और अपने किसी दोस्त से केवल 500 रुपये लेकर पति के साथ दिल्ली आ गईं। दिल्ली में काफी खोजने के बाद भी उन्हें कोई काम नहीं मिला। फिर अपने पति के साथ मिलकर उन्होंने बटाई पर एक खेत लिया और खेती करना शुरू कर दी। बटाई में आप किसी व्यक्ति से खेत उधार पर लेते हैं और खेती करते हैं, बता दें कि इसका एक हिस्सा मालिक को मिलता है। मगर ये भी काफी नहीं था, क्योंकि सब्जी की कीमत ऊपर नीचे होती रहती है। ऐसे में 5 लोगों के इस परिवार का गुजारा अभी भी मुश्किल था।
krishna yadav Success Story
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छोटे से कमरे में शुरू किया बिजनेस
इन सभी परेशानियों के बाद भी कृष्णा ने अपना हौसला नहीं टूटने दिया और 2001 में कृषि विज्ञान केंद्र, उजवा में तीन महीने फूड प्रोसेसिंग टेक्नोलॉजी की ट्रेनिंग ली। इसके बाद उन्होंने 3000 रुपये की लागत से अपने खेत में उपजे करौंदे और मिर्च के अचार से 5250 रुपये का प्रॉफिट कमाया। ये सिलसिला यहीं नहीं रुका और कृष्णा ने केवल कुछ सालों में अपनी कंपनी खड़ी कर दी, जिसे श्री कृष्णा पिकल्स के नाम से जाना जाता है। अब इसकी 4 छोटी यूनिट है और इसमें कुल 152 प्रोडक्ट बनते हैं। इसमें दो यूनिट दिल्ली और दो हरियाणा में हैं। बता दें कि कृष्णा ने दिल्ली में पांच मंजिला फैसिलिटी बनाई है, जहां वह रोज 10 से 20 क्विंटल अचार बनाया जाता है।
कई अवॉर्ड किए अपने नाम
आज कृष्णा इस मुकाम पर हैं कि उन्हें स्कूल कॉलेज में लेक्चर के लिए बुलाया जाता है। बता दें कि कृष्णा यादव को 2014 में हरियाणा सरकार द्वारा इनोवेटिव आइडिया पहली चैंपियन किसान महिला अवार्ड से सम्मानित किया गया। वाइब्रेंट गुजरात इवेंट 2013 में उन्हें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 51 हजार रुपये का चेक देकर सम्मानित किया। इसके अलावा भारत सरकार के महिला एवं बाल विकास मंत्रालय की ओर से 8 मार्च 2016 को नारी शक्ति सम्मान 2015 के लिए चुना गया।
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