EPFO New Rule: प्राइवेट सेक्टर में काम करने वाले लोगों को सबसे ज्यादा अपनी जॉब सिक्योरिटी की चिंता रहती है. क्योंकि प्राइवेट सेक्टर की जॉब अनिश्चित्ताओं से भरी हुई है. इन्हें नहीं पता होता कि इनकी नौकरी कब चली जाएगी. कई बार ऐसा भी होता है कि जरूरत की वजह से भी लोग नौकरी छोड़ देते हैं, जबकि कुछ लोग कुछ समय के लिए ब्रेक लेते हैं. ऐसी स्थितियों में, सबसे बड़ा सवाल यह होता है कि उनके प्रोविडेंट फंड (PF) अकाउंट में जमा पैसे का क्या होगा. लोग अक्सर मान लेते हैं कि अगर वे नौकरी छोड़ देते हैं और उनके PF अकाउंट में योगदान बंद हो जाता है, तो उन्हें कुछ सालों बाद उस पर ब्याज नहीं मिलेगा. इसी डर की वजह से कई लोग समय से पहले अपना PF का पैसा निकाल लेते हैं. लेकिन सच्चाई कुछ और है.
जी हां. अगर आपने नौकरी छोड़ दी है और अपना PF पैसा नहीं निकाला है, तो उस पर ब्याज मिलता रहेगा. पहले एक नियम था कि 3 साल (36 महीने) तक योगदान न होने पर खाता इनऑपरेटिव हो जाता था और ब्याज बंद हो जाता था, लेकिन अब नियम बदल गए हैं.
कब तक मिलेगा ब्याज?
आपका PF खाता तब तक ब्याज कमाता रहेगा जब तक आप 58 वर्ष की आयु के नहीं हो जाते. चाहे आप 40 की उम्र में नौकरी छोड़ दें, 58 साल की उम्र तक आपका पैसा बढ़ता रहेगा. खाता केवल तभी निष्क्रिय या इनऑपरेटिव माना जाता है जब सदस्य 58 वर्ष का हो जाए और फिर भी पैसा न निकाले. उसके बाद ब्याज मिलना बंद होता है.
ईपीएफओ अकाउंट पर कितना मिलता है ब्याज
वित्त वर्ष 2025-26 के लिए वर्तमान ब्याज दर 8.25% है. हालांकि, चर्चा है कि मार्च 2026 की बैठक में इसे थोड़ा घटाकर 8% से 8.20% के बीच किया जा सकता है, लेकिन जो भी दर तय होगी, वह आपके जमा पैसे पर लगती रहेगी.
कुछ जरूरी बातें जो आपको जाननी चाहिए:
अगर आप नौकरी छोड़ने के बाद लंबे समय तक पैसा उसी खाते में छोड़ देते हैं, तो नौकरी छोड़ने के बाद जो ब्याज मिलता है, वह टैक्सेबल (Taxable) हो सकता है. नौकरी के दौरान मिला ब्याज टैक्स-फ्री होता है, अगर योगदान 2.5 लाख/साल से कम हो तो.
अगर आप 2 महीने से ज्यादा समय तक बेरोजगार रहते हैं, तो आप अपना पूरा PF पैसा निकाल सकते हैं. अगर आपने नई नौकरी जॉइन की है, तो पुराने PF को नए खाते में ट्रांसफर करना सबसे बेहतर है. इससे आपकी सर्विस हिस्ट्री बनी रहती है और पेंशन के लिए 10 साल की गणना में आसानी होती है.
अगर आपका खाता बहुत पुराना है और उसमें आपका आधार या KYC अपडेट नहीं है, तो उसे डॉर्मेंट (Dormant) माना जा सकता है. ऐसे में ब्याज तो जुड़ता है लेकिन पासबुक में दिखने में समस्या आ सकती है.