बजट 2026 में पुरानी टैक्स व्यवस्था (Old Tax Regime) को लेकर टैक्स एक्सपर्ट्स और सूत्रों के बीच काफी चर्चा है. हालांकि सरकार का झुकाव साफ तौर पर नई व्यवस्था की ओर है, लेकिन इसे पूरी तरह खत्म करने को लेकर एक्सपर्ट्स की राय बंटी हुई है. ज्यादातर जानकारों का मानना है कि पुरानी व्यवस्था को तुरंत खत्म नहीं किया जाएगा. ऐसी संभावना है कि बजट 2026 में सरकार पुरानी व्यवस्था को खत्म करने के लिए एक डेडलाइन या सनसेट डेट का संकेत दे सकती है. जैसे कि 2-3 साल बाद का समय. ताकि लोग धीरे-धीरे स्विच कर सकें.
सरकार इसे जारी रख सकती है, लेकिन नई व्यवस्था को इतना आकर्षक बना सकती है कि पुरानी व्यवस्था अपने आप अप्रासंगिक हो जाए.
नई व्यवस्था क्यों बन रही है पहली पसंद?
हालांकि पुरानी टैक्स व्यवस्था में HRA और सेक्शन 80C (Section 80C) जैसे अहम डिडक्शन हैं, लेकिन बजट 2025 में हुए बड़े बदलावों के बाद नई व्यवस्था काफी लोकप्रिय हुई है. नई व्यवस्था में 12 लाख तक की आय पर कोई टैक्स नहीं लगता. स्टैंडर्ड डिडक्शन मिलाकर 12.75 लाख तक टैक्स फ्री. आंकड़ों की मानें तो करीब 72% से 80% टैक्सपेयर्स पहले ही नई व्यवस्था में शिफ्ट हो चुके हैं.
पुरानी व्यवस्था में अटके लोगों का क्या होगा?
अभी भी करीब 20-25% लोग पुरानी व्यवस्था में हैं, क्योंकि उनके पास होम लोन का ब्याज (Section 24b) है. वे 80C, 80D और HRA जैसी बड़ी छूट का फायदा लेते हैं. एक्सपर्ट्स के अनुसार, इन लोगों को अचानक हटाना मुश्किल होगा, इसलिए सरकार इनके लिए कोई निकाल सकती है.
बजट 2026 से क्या हैं उम्मीदें?
नई व्यवस्था में इसे 75000 से बढ़ाकर 100000 किया जा सकता है. नई व्यवस्था में NPS (नेशनल पेंशन स्कीम) के तहत अतिरिक्त 50000 रुपये की छूट शामिल की जा सकती है, जो अभी केवल पुरानी व्यवस्था में है.
अगर आप होम लोन या बड़े निवेश (LIC, PPF) के भरोसे पुरानी व्यवस्था में हैं, तो फिलहाल आपको घबराने की जरूरत नहीं है. सरकार पुरानी व्यवस्था को खत्म करने की जगह नई व्यवस्था को और पावरफुल बनाने पर ध्यान देगी.