PM Modi 31st Award: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने चार देशों के यूरोप दौरे के दूसरे पड़ाव पर रविवार को स्वीडन के शहर गोथेनबर्ग पहुंचे. करीब सात साल बाद हो रहे पीएम मोदी के इस स्वीडन दौरे पर उनका जो स्वागत हुआ, उसने एक नया वैश्विक रिकॉर्ड बना दिया है. स्वीडन सरकार ने प्रधानमंत्री मोदी को अपने देश के सर्वोच्च राजकीय सम्मानों में से एक ‘रॉयल ऑर्डर ऑफ पोलर स्टार’ से नवाजा है. यह पीएम मोदी को मिला 31वां अंतरराष्ट्रीय सम्मान है. स्वीडन के पीएम क्रिस्टर्सन ने पीएम मोदी को अपना मित्र बताते हुए कहा, "दो लोकतंत्र, एक मजबूत रिश्ता." वहीं पीएम मोदी ने भी इस शानदार आवभगत के लिए स्वीडिश भाषा में ट्वीट कर स्वीडन का आभार जताया.
एयरपोर्ट पर खुद पहुंचे स्वीडिश PM
जैसे ही पीएम मोदी का विमान स्वीडन की हवाई सीमा में दाखिल हुआ, वहां की वायुसेना के ग्रिपेन लड़ाकू विमानों ने उनके प्लेन को चारों तरफ से घेर लिया. ये फाइटर जेट्स प्रधानमंत्री मोदी के विमान को सुरक्षा घेरा देते हुए गोथेनबर्ग एयरपोर्ट तक लेकर आए. किसी विदेशी नेता के लिए ऐसा एस्कॉर्ट सम्मान बेहद दुर्लभ माना जाता है. इतना ही नहीं, कूटनीतिक प्रोटोकॉल को तोड़ते हुए स्वीडन के प्रधानमंत्री उल्फ क्रिस्टर्सन खुद पीएम मोदी का स्वागत करने एयरपोर्ट पहुंचे.
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बंगाली संस्कृति और 'वैष्णव जन तो' की गूंज
हवाई अड्डे पर उतरने के बाद पीएम मोदी ने वहां रह रहे प्रवासी भारतीयों से मुलाकात की. इस दौरान स्वीडिश ओपेरा सिंगर शार्लोटा हुल्ड ने 'वैष्णव जन तो' भजन गाकर सबका दिल जीत लिया. इस भव्य स्वागत समारोह में भरतनाट्यम के साथ-साथ पारंपरिक बंगाली संस्कृति की भी शानदार झलक देखने को मिली. पीएम मोदी ने इस पर खुशी जताते हुए सोशल मीडिया पर लिखा कि बंगाली संस्कृति पूरी दुनिया में मशहूर है और स्वीडन में इसकी झलक देखना अद्भुत रहा.
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इन 8 बड़े मुद्दों पर हुई दोनों देशों के बीच महाबैठक
पीएम मोदी के साथ हुई द्विपक्षीय वार्ता में दोनों देशों के रिश्तों को और मजबूत करने के लिए इन प्रमुख विषयों पर चर्चा हुई:
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- व्यापार और निवेश: साल 2025 में दोनों देशों का आपसी व्यापार 7.75 अरब डॉलर तक पहुंच चुका है, जिसे और आगे बढ़ाया जाएगा.
- हरित ऊर्जा व जलवायु: पर्यावरण की रक्षा के लिए सौर और पवन ऊर्जा जैसे ग्रीन एनर्जी प्रोजेक्ट्स पर मिलकर काम करने की सहमति बनी.
- रक्षा और अंतरिक्ष: दोनों देशों की सेनाओं, हथियार उद्योगों और अंतरिक्ष रिसर्च तकनीक में आपसी साझेदारी को नया आयाम दिया जाएगा.
- AI और स्टार्टअप्स: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), नई टेक्नोलॉजी और युवा उद्यमियों के लिए स्टार्टअप इकोसिस्टम को बढ़ावा दिया जाएगा.
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