ईरान और अमेरिका के बीच हालात सुधरे नहीं हैं। हालांकि होर्मुज स्ट्रेट खुलने से बाकी देशों के ट्रेड को बड़ी राहत मिली है। लेकिन अमेरिका अभी भी अपनी पुरानी शर्तों पर अड़ा है। होर्मुज के बाद अमेरिका ईरान के परमाणु कार्यक्रम को खत्म करना चाहता है। वहीं ईरान इसमें अमेरिका की दखलनंदाजी नहीं चाहता है। इसी बीच ईरा ने अमेरिका को साफ शब्दों में परमाणु कार्यक्रम पर आंख दिखाई है।

ईरान के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ईस्माइल बघाई ने कहा है कि ईरान का संवर्धित यूरेनियम उसकी मिट्टी की तरह पवित्र है और इसे किसी भी हाल में कहीं नहीं भेजा जाएगा। उन्होंने यह बात अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के दावों के जवाब में कही, जिनमें कहा गया था कि ईरान ने शुल्क माफी या वित्तीय छूट के बदले अपने संवर्धित यूरेनियम को स्थानांतरित करने पर सहमति दी है।

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बघाई ने स्पष्ट किया कि ऐसा कोई लेन‑देन नहीं हुआ है और न ही भविष्य में ऐसा कोई प्रस्ताव गंभीरता से विचाराधीन है, क्योंकि यूरेनियम संवर्धन को ईरान राष्ट्रीय संप्रभुता का मुद्दा मानता है।

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