ग्लोबल क्रूड ऑयल मॉर्केट को रेट का तगड़ा झटका लगा है। ब्रेंट क्रूड ऑयल का रेट 119.50 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर रहा है, जो जून 2022 के बाद सबसे ऊंचे स्तर का रेट है। अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल के दामों में यह उछाल अमेरिका-ईरान के बीच जारी तनाव और होर्मुज स्ट्रेट की लगातार बंदी के कारण आया है, जिससे वैश्विक तेल भंडार का बफर तेजी से सिकुड़ रहा है।
अमेरिकी फेडरल रिजर्व ने कच्च्चे तेल की ऊंची कीमतों की वजह से ब्याज दर में कटौती नहीं करने का फैसला किया है। इससे बाजार में ऊंचे कच्चे तेल के दाम और ऊंची ब्याज दरें की डबल‑रिस्क थीम बनी रहेगी, जिससे कच्चे तेल आधारित उद्योग और ईंधन आयात करने वाले देशों पर दबाव बना रहेगा। क्योंकि होर्मुज स्ट्रेट की नाकेबंदी लंबे समय तक जारी रह सकती है।
दुनिया में सबसे पहले कहां मिला था कच्चा तेल? जानिए चौंकाने वाला सच
ईरानी संसद के स्पीकर की अमेरिका को चेतावनी
ईरानी संसद के स्पीकर गालिबाफ ने अमेरिका को चेतावनी दी है कि कच्चे तेल की कीमतें 140 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच सकती हैं। गालिबाफ ने अमेरिकी वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट के बयान पर चेतावनी दी है कि अमेरिकी नीतियों के कारण कच्चे तेल की कीमतें अगला पड़ाव 140 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच सकती हैं। इससे पूरी दुनिया को भारी नुकसान उठाना पड़ेगा।
गालिबाफ ने कहा कि लोग कच्चे तेल के उत्पादन को रोकने और होर्मुज स्ट्रेट की नाकाबंदी की थ्योरी को बढ़ावा देकर पहले ही कीमतों को 120 डॉलर तक धकेल चुके हैं। गालिबाफ ने अमेरिका के दावों का खंडन करते हुए टिप्पणी की है कि 3 दिन बीत चुके हैं, पर कोई कुंआ फटा नहीं। हम इसे 30 और दिनों तक बढ़ा सकते हैं और यहां लाइवस्ट्रीम भी कर सकते हैं।
यूपी में कच्चे तेल का खजाना मिलने के क्या मायने? 5 पाइंट में जानें भारत पर असर
भारत में पेट्रोल और डीजल को लेकर क्या है स्थिति?
बता दें कि भारत सरकार के अनुसार देश में पेट्रोल-डीजल की कोई कमी नहीं है। अरब देशों से खरीदा गया कच्चा तेल और LPG भारत पहुंच चुकी है। अन्य देशों से भी कच्चे तेल का आयात जारी है। रूस से भी कच्चा तेल खरीदा गया है। होर्मुज स्ट्रेट ब्लॉक होने से अभी तक कच्चे तेल का संकट नहीं गहराया है। इसलिए पेट्रोल और डीजल के रेट बढ़ने की उम्मीद नहीं है।
भारत में 4 साल से पेट्रोल और डीजल की कीमतें स्थिर हैं। केंद्र सरकार ने एक्साइज ड्यूटी में 10 रुपये प्रति लीटर की कटौती करके उपभोक्ताओं को बड़ी राहत दी है। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने देशवासियों को पेट्रोल-डीजल के विकल्प इस्तेमाल करने के लिए प्रेरित किया है। हाइड्रोजन, इथेनॉल और इलेक्ट्रिक वाहनों को खरीदने और इस्तेमाल करने की सलाह दी है।
संबंधित खबरें
'पांच महीने में किसी की जान नहीं गई', ईरान के साथ युद्ध से ट्रंप का इनकार
4 hrs agoडोनाल्ड ट्रंप की हत्या के इरादे से आया शख्स व्हाइट हाउस के पास गिरफ्तार
4 hrs agoLIVE: फरीदाबाद में पार्किंग विवाद में गोली मारकर शख्स की हत्या
6 hrs agoअब डोनाल्ड ट्रंप पढ़ेंगे हनुमान चालीसा, व्हाइट हाउस में मनाई गई दिवाली
6 hrs agoकौन हैं व्हाइट हाउस के नए बॉस स्टीफन मिलर? मुस्लिम देशों पर लगा चुके पाबंदी
7 hrs agoपराग्वे के राष्ट्रपति पेना इस्तीफा देते ही गिरफ्तार, कौन बने नए प्रेसिडेंट?
8 hrs agoजापान में 6.1 तीव्रता का भूकंप, हासाकी के पास समुद्र में आया तेज झटका
19 hrs agoगाजियाबाद की सबा हैदर ने अमेरिका में चुनाव जीतकर इतिहास रचा
1 day agoमिडटर्म चुनाव के बाद फिर ट्रंप के टार्गेट पर ईरान, सैन्य हमले की दी चेतावनी
1 day agoयूपी के सीतापुर में ट्रैक्टर-ट्रॉली पलटने से 5 महिलाओं की मौत
1 day agoन्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on:
Know More: Editorial Guidelines