मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ढाका में अपनी रैली के बाद तारिक रहमान ने गुरुवार को अपनी मां खालिदा जिया से मुलाकात की. अस्पताल में 90 मिनट बिताने के बाद वे अपने गुलशन स्थित आवास से रवाना हो गए.
डेली स्टार की रिपोर्ट के अनुसार, राजबारी में जबरन वसूली के आरोपों पर एक हिंदू व्यक्ति की हत्या कर दी गई. मृतक की पहचान अमृत मंडल उर्फ सम्राट के रूप में हुई है, जिनके खिलाफ पांग्शा पुलिस स्टेशन में हत्या सहित कम से कम दो मामले दर्ज थे.
बीएनपी के कार्यवाहक प्रमुख तारिक रहमान गुरुवार को एवरकेयर अस्पताल पहुंच गए हैं. अब वे अपनी मां, पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया से मिलेंगे. जिया का इलाज 23 नवंबर से वहीं चल रहा है.
द डेली स्टार की रिपोर्ट के अनुसार, बांग्लादेश के मयमनसिंह में दीपू चंद्र दास की हत्या के कुछ दिनों बाद, राजबारी में एक और हिंदू व्यक्ति की फिरौती के आरोप में हत्या कर दी गई. मृतक की पहचान अमृत मंडल उर्फ सम्राट के रूप में हुई है. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और सम्राट को गंभीर हालत में बचाया. उन्हें पांग्शा उपजिला स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया.
अपने भाषण में रहमान ने Osman Hadi को श्रद्धांजलि दी. उन्होंने कहा कि हालिया आंदोलनों ने देश में सच्चे लोकतंत्र की नींव रख दी है. रहमान ने अपने भाषण में पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना पर भ्रष्टाचार और दमन के आरोप लगाते हुए कहा कि अब हमारा लक्ष्य लोकतांत्रिक और न्यायपूर्ण बांग्लादेश का निर्माण है.
पूर्व भारतीय हाई कमिश्नर रीवा गांगुली दास ने तारिक रहमान की ढाका वापसी पर कहा, ‘मुझे लगता है उनकी वापसी राजनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण है. वे बहुत लंबे समय से बाहर थे, और बेगम जिया की खराब तबीयत के बावजूद उन्होंने पार्टी को बखूबी संभाला. शेख हसीना की सरकार गिरते ही हमने देखा कि तारिक जिया ने पार्टी का राजनीतिक समर्थन मजबूत कर लिया. भले ही उन्होंने ऑनलाइन और नई तकनीकों के जरिए यह किया, लेकिन पार्टी को अपने साथ रखा. ऐसे समय में जब बांग्लादेश में इतना हिंसा हो रहा है और देश विभिन्न वैचारिक मतभेदों से टुकड़ों में बंट रहा है, उनकी वापसी से राजनीतिक स्थिरता की कुछ उम्मीद जगी है. शायद वे बांग्लादेश के सेंट्रिस्ट ताकतों को एकजुट कर सकें, क्योंकि अभी मुख्य चिंता दक्षिणपंथी उभार और उनके कारनामों की है…’
300 फीट रोड पर स्वागत कार्यक्रम के बाद तारिक रहमान के अपनी मां, पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया से मिलने के लिए बसुंधरा स्थित एवरकेयर अस्पताल जाने की संभावना है, जहां उनका इलाज चल रहा है.
17 वर्षों बाद बांग्लादेश लौटने पर ढाका में एक सभा को संबोधित करते हुए, बीएनपी के कार्यवाहक अध्यक्ष तारिक रहमान ने अपने भाषण में मार्टिन लूथर किंग जूनियर का जिक्र किया. तारिक रहमान ने मार्टिन लूथर के ‘आई हैव अ ड्रीम’ भाषण का हवाला देते हुए कहा, ‘हमें बांग्लादेश में शांति की रक्षा हर कीमत पर करनी होगी. मेरे पास अपने देशवासियों के लिए एक योजना है.’
ढाका में एक सभा को संबोधित करते हुए, बीएनपी के कार्यवाहक प्रमुख ने अपने देश में शांति की बार-बार अपील की और कहा कि वे बांग्लादेश में स्थिरता और शांति सुनिश्चित करने के लिए काम करेंगे. रहमान ने कहा, ‘चाहे पुरुष हों, महिलाएं हों या बच्चे, बांग्लादेश की शांति और गरिमा को बनाए रखना हमेशा हमारी पहली प्राथमिकता होनी चाहिए। हम सब मिलकर काम करेंगे और अपने सपनों का बांग्लादेश बनाएंगे.’
ढाका की सड़कों पर तारिक रहमान के स्वागत में उनके समर्थक उमड़ पड़े.
BNP के सेक्रेटरी जनरल मिर्जा फखरुल इस्लाम आलमगीर और स्टैंडिंग कमेटी के सदस्य सलाहुद्दीन अहमद समेत दूसरे नेताओं एयरपोर्ट पर तारिक रहमान का स्वागत किया. इनके अलावा तारिक की सास और साली ने भी परिवार का स्वागत किया.
बीएनपी चीफ तारिक रहमान 17 साल बाद बांग्लादेश लौटे हैं. बांग्लादेश में संसदीय चुनाव से पहले उनका लौटना वहां की राजनीति में बड़ा संकेत दे रहा है. शेख हसीना की पार्टी के चुनाव लड़ने पर रोक लगा दी गई है. ऐसे में चुनाव में तारिक रहमान की पार्टी अच्छा प्रदर्शन कर सकती है. इसको लेकर अमेरिका की एक संस्था का सर्वे भी सामने आया है. सर्वे में संभावना जताई गई है कि बीएनपी को सबसे ज्यादा सीटें मिल सकती हैं.
बांग्लादेश की पूर्व पीएम खालिदा जिया के बेटे तारिक रहमान 17 साल बाद अपने वतन लौट गए हैं. उनके साथ उनकी बीवी और बेटी भी बांग्लादेश आई हैं. तारिक रहमान के स्वागत के लिए सड़कों पर समर्थकों की भीड़ उमड़ पड़ी है.
BNP के एक्टिंग चेयरमैन तारिक रहमान 17 साल के बाद लंदन से बांग्लादेश लौट आए हैं. उन्हें लेकर आ रही बिमान बांग्लादेश एयरलाइंस की एक फ्लाइट सिलहट के उस्मानी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर लैंड की है. ढाका पहुंचने से पहले यहां पर तारिक रुके हैं. इसके बाद उनकी फ्लाइट ढाका के हज़रत शाहजलाल इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर लैंड करेगी. उनके आने-जाने के लिए एक बुलेटप्रूफ गाड़ी पहले ही एयरपोर्ट ले जाई जा चुकी है.
बीएनपी चीफ तारिक रहमान कुछ देर में ढाका एयरपोर्ट पर लैंड करने वाले हैं. उनके स्वागत में हजारों की संख्या में बीएनपी कार्यकर्ता ढाका एयरपोर्ट पहुंच रहे हैं.
watch | Dhaka | BNP (Bangladesh Nationalist Party) supporters march to the Dhaka Airport, where the party’s acting chairman Tarique Rahman will soon arrive. He is returning to Bangladesh after living in London in exile for 17 years. pic.twitter.com/nWBgTXJA4k
— ANI (@ANI) December 25, 2025
12 फरवरी 2026 को होने वाले बांग्लादेश के संसदीय चुनावों से कुछ सप्ताह पहले तारिक रहमान की वापसी राजनीतिक हलचल का संकेत है. तारिक रहमान पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया के पुत्र हैं और 2008 से लंदन में निर्वासित जीवन व्यतीत कर रहे थे. उन पर भ्रष्टाचार और अन्य आपराधिक मामलों के आरोप लगे हैं, जिन्हें वे राजनीतिक साजिश बताते रहे हैं. बीएनपी ने हाल ही में घोषणा की है कि तारिक रहमान चुनावी तैयारियों के लिए स्वदेश लौट रहे हैं.
बीएनपी के कार्यवाहक अध्यक्ष तारिक रहमान कुछ ही देर में 17 साल के निर्वासन के बाद ढाका पहुंच जाएंगे. तारिक की वतन वापसी से बीएनपी कार्यकर्ताओं में जश्न का माहौल है. बीएनपी के कार्यकर्ता जश्न मनाने के लिए सड़कों पर उतर गए हैं.
बांग्लादेश सरकार ने इंकिलाब मंच के प्रमुख संयोजक उस्मान हादी और मैमनसिंह नगर के हिंदू युवक दीपू दास की हत्या के मामले को 2002 के स्पीडी ट्रायल एक्ट के तहत स्पीडी ट्रायल ट्रिब्यूनल में ट्रांसफर करने का फैसला किया है. इसके तहत अधिकारियों को पुलिस रिपोर्ट मिलने के 90 दिनों के भीतर मामले का निपटारा कर देना होगा. कानून सलाहकार आसिफ नजरुल ने फेसबुक पोस्ट के जरिए इसका ऐलान किया. उन्होंने कहा – जनता के दबाव और न्याय की मांग को देखते हुए हम तेजी से कार्रवाई कर रहे हैं.
Bangladesh Protest : बांग्लादेश में हिंसा थमने का नाम नहीं ले रही है. ढाका में बुधवार रात एक बम विस्फोट हुआ. इसमें एक युवक की जान चली गई. इसके बाद इलाके में फिर तनाव हो गया. विस्फोट के बाद गुस्साई भीड़ ने ढाका यूनिवर्सिटी में भी तोड़फोड़ की. इस दौरान यूनिवर्सिटी में धार्मिक नारे लगाए गए और काजी नजरुल इस्लाम की कविताएं पढ़ी गईं. भीड़ ने 'अल्लाहु अकबर' के नारे लगते हुए और नजरुल की कविता 'चंद्रभांदर तोमारे ज्वाला मुक्ति' बोलते हुए तोड़फोड़ शुरू कर दी. पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. छात्रों ने इसे इतिहास पर प्रहार बताया है.
तोड़फोड़ ढाका विश्वविद्यालय की ऐतिहासिक मधुर कैंटीन से शुरू हुई. मधुर कैंटीन 1971 मुक्ति संग्राम में छात्र आंदोलन का मुख्य केंद्र रही है. 2024 जनआंदोलन की शुरुआत भी यहीं से हुई थी, जिसकी वजह से शेख हसीना सरकार गिरी थी.
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वहीं, दूसरी ओर बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) के कार्यवाहक अध्यक्ष तारिक रहमान 17 साल से ज्यादा के निर्वासन के बाद आज ढाका लौट आए हैं. वह अभी लंदन में रह रहे थे. उनके साथ उनकी पत्नी जुबेदा रहमान और पुत्री जाईमा रहमान भी हैं.
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