American Lawyer Killed TWO Eco Protesters: दक्षिण अमेरिका के पनामा में तांबे की खदान को लेकर कनाडाई कंपनी के साथ हुए समझौते के विरोध में चल रहे प्रदर्शन ने खूनी संघर्ष का रूप ले लिया है। 77 साल वकील ने सड़क पर धरना दे रहे 2 पर्यावरण प्रेमियों की गोली मारकर हत्या कर दी है। उसने बीच सड़क सरेआम 2 हत्याएं कीं, क्योंकि उन लोगों ने उसे जाने के लिए रास्ता नहीं दिया। वे सड़क ब्लॉक करके बैठे थे। लोगों ने सरेआम हुई 2 हत्याओं की वीडियो बनाई। हत्या आरोपी को भी अपने कैमरे में कैद किया। मृतकों के साथियों ने हत्या की सूचना पुलिस को दी। पुलिस ने मौके पर आकर आरोपी वकील को गिरफ्तार कर लिया। वहीं अब हत्या का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
आरोपी के पास अमेरिका-पनामा की नागरिकता
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, वारदात चैम शहर में पैन-अमेरिकन हाईवे पर अंजाम दी गई। आरोपी की पहचान केनेथ डार्लिंगटन के रूप में हुई, जो पेशे से वकील और प्रोफेसर है, जिसके पास अमेरिका और पनामा की दोहरी नागरिकता है। वह नेशनल हाईवे पर जाम में फंस गया था। उसने प्रदर्शनकारियों को रास्ता देने को कहा, लेकिन वे नहीं माने। इसके बाद वह गुस्से से तमतमाता हुआ अपनी पिस्तौल लेकर आता है और प्रदर्शनकारियों को ललकारने लगता है। उसने कहा कि उसे जाने के लिए रास्ता दे दो, नहीं तो वह गोली मार देगा। जब एक प्रदर्शनकारी ने झंडा थामे उसकी ओर कदम बढ़ाया तो उसने पिस्तौल से गोली चला दी, जिससे प्रदर्शनकारी की मौके पर मौत हो गई। अन्य प्रदर्शनकारियों ने मृतक को सड़क के किनारे ले जाने में मदद की।
पनामा के राष्ट्रपति के कड़ी कार्रवाई के आदेश
वहीं बंदूकधारी वकील ने प्रदर्शनकारियों द्वारा सड़क ब्लॉक करने के लिए लगाए गए पत्थरों और टायरों से बने एक छोटे बैरिकेड को तोड़ना शुरू कर दिया। काली टी-शर्ट और जींस पहने एक अन्य प्रदर्शनकारी ने बंदूकधारी वकील का सामना करने की कोशिश की, लेकिन उसने उसे भी गोली मार दी। इस बीच पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और शूटर को गिरफ्तार कर लिया। पनामा के राष्ट्रपति लॉरेंटिनो कॉर्टिज़ो ने मृत प्रदर्शनकारियों के परिवारों के प्रति अपनी संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि इस तरह के अपराध को माफ नहीं किया जा सकता। बता दें कि वैंकूवर स्थित फर्स्ट क्वांटम मिनरल्स को मध्य अमेरिका की सबसे बड़ी खुली खदान तांबे की खदान को 20 वर्षों के लिए दी गई है, जिससे पर्यावरण को नुकसान पहुंचेगा, इसका विरोध किया जा रहा है।