✕
  • होम
  • लेटेस्ट न्यूज
  • देश
  • दुनिया
  • खेल
    • क्रिकेट
    • WWE
    • अन्य खेल
  • एंटरटेनमेंट
  • Photos
    • ऑटो
    • बिजनेस
    • एंटरटेनमेंट
    • देश
    • लाइफस्टाइल
    • खेल
    • गैजेट्स
    • दुनिया
    • Religion
    • Knowledge
    • Science
  • बिजनेस
    • Utility
  • हेल्थ
  • लाइफस्टाइल
    • ट्रैवल एंड टूरिज्म
  • प्रदेश
    • उत्तर प्रदेश / उत्तराखंड
    • गुजरात
    • छत्तीसगढ़
    • झारखंड
    • दिल्ली
    • पंजाब
    • मध्य प्रदेश
    • बिहार
    • राजस्थान
    • हरियाणा
    • हिमाचल
    • मुंबई
  • ऑटो
  • ज्योतिष
  • More
    • वीडियो
    • ट्रेंडिंग
    • भारत एक सोच
    • Explainer
    • शिक्षा
    • Upcoming Elections
    • FIFA World Cup 2026
  • लेटेस्ट न्यूज
  • FIFA 2026
  • Live TV
  • देश
  • प्रदेश
  • दुनिया
  • खेल
  • एंटरटेनमेंट
  • Photos
  • बिजनेस
  • लाइफस्टाइल
  • ऑटो
  • गैजेट्स
  • ट्रेंडिंग
  • शिक्षा
  • वीडियो
  • Upcoming Elections
  • Assembly Election 2026
TrendingRam Mandir AyodhyaIran Israel WarWeatherPetrol Price

---विज्ञापन---

हिंदी न्यूज़ / वीडियो / चुनाव के रोचक किस्से: जब दूध बेचने वाले ने भीमराव अंबेडकर को हराया

चुनाव के रोचक किस्से: जब दूध बेचने वाले ने भीमराव अंबेडकर को हराया

Jawaharlal Nehru Vs B. R. Ambedkar: आजाद भारत के पहले चुनाव 1951-52 में करवाए गए। उस समय पंडित जवाहरलाल नेहरू की अगुवाई में कांग्रेस चुनावी मैदान में थी। वहीं दूसरी तरफ, भारतीय संविधान के निर्माता बाबा साहेब भीम राव अंबेडकर ने मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया और अनुसूचित जाति महासंघ को मजबूत करने निकल पड़े। ऐसे में क्या आप जानते हैं कि अंबेडकर की हार नेहरू की वजह से हुई थी?

Edited By: Prerna Joshi | Updated: Mar 22, 2024 13:13
Election

---विज्ञापन---

Jawaharlal Nehru Vs B. R. Ambedkar: आजाद भारत का पहला चुनाव, जब पूरे देश में जवाहरलाल नेहरू की लहर थी। कांग्रेस पार्टी के पक्ष में गजब का जनाधार था। इस चुनाव में नेहरू कैबिनेट में मंत्री रहे और भारतीय संविधान के निर्माता बाबा साहेब भीम राव अंबेडकर भी चुनावी मैदान में ताल ठोक रहे थे। उत्तरी मुंबई लोकसभा सीट से अंबेडकर चुनावी मैदान में थे लेकिन एक दूध वाले के सामने उन्हें हार का सामना करना पड़ा। इस बीच क्या आप जानते हैं कि आंबेडकर की यह हार नेहरू की वजह से हुई थी? आखिर नेहरू ने अपने कैबिनेट के साथी रहे अंबेडकर को चुनाव क्यों हरवाया? आजादी के बाद 1951-52 में देश के पहले चुनाव हुए। पंडित जवाहरलाल नेहरू की अगुवाई में कांग्रेस चुनावी मैदान में थी, जबकि नेहरू के कई पुराने साथी चुनाव में कांग्रेस के दुश्मन बन चुके थे। इन नामों में उस जमाने के दिग्गज वकील और नेहरू की अंतरिम सरकार में मंत्री रहे अंबेडकर भी थे, जिन्होंने भारतीय संविधान का मसौदा तैयार करने में अहम भूमिका निभाई। लेकिन देश के पहले चुनाव से पहले मतभेद की वजह से अंबेडकर ने मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया और अनुसूचित जाति महासंघ को मजबूत करने का फैसला लिया।


Topics:

br ambedkargeneral electionJawaharlal NehruLok sabha election

---विज्ञापन---

© B.A.G Convergence Pvt. Ltd. 2024 : All Rights Reserved.