भोपाल की तृप्ति सिंह राजपूत के मामले में रोज़ नई-नई बातें सामने आ रही हैं, जिसने खुद को IAS अधिकारी बताकर लोगों से धोखाधड़ी की थी. अशोकनगर में पहले दर्ज मामलों के बाद, अब तृप्ति सिंह के खिलाफ चौथी FIR दर्ज की गई है. पुलिस पूछताछ में पता चला कि तृप्ति और उसका भाई सुधांशु लोगों को नौकरी का झांसा देकर अपने जाल में फंसाते थे. उनका साथी प्रखर, AI टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करके उनके लिए नकली जॉइनिंग लेटर और दस्तावेज बनाता था. पूछताछ में पुष्टि हुई कि प्रखर ने इन नकली लेटर को बनाने के लिए AI का इस्तेमाल किया था. पुलिस ने उसका लैपटॉप और अन्य इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस जब्त कर लिए हैं. इनकी फोरेंसिक जांच से नकली दस्तावेज़ों की कुल संख्या और उनके इस्तेमाल से जुड़े मामलों की जानकारी मिल सकती है. आरोपी भाई-बहन, तृप्ति और सुधांशु को भोपाल की बाग सेवनिया पुलिस ने 3 सितंबर को प्रोडक्शन वारंट के तहत गिरफ्तार किया था. दोनों अभी 7 सितंबर तक पुलिस कस्टडी में हैं.