falseमुकदमे से बचने के लिए खुद को मृत घोषित कराया, 12 साल बाद खुल गई पोल, अब होगी कड़ी कार्रवाई
Author: Aman Maheshwari
2026-02-06 13:09:41
Agra News: उत्तर प्रदेश आगरा के थाना न्यू आगरा क्षेत्र से जुड़े इस मामले में तारा चंद्र शर्मा के खिलाफ कूटरचित दस्तावेजों से जुड़ा मामला कोर्ट में चल रहा था. आरोपी तारा चंद्र शर्मा के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी हो चुके थे. लेकिन आरोनी ने गिरफ्तारी से बचने के लिए अपना शातिर दिमाग लगाया और खुद को कागजों में मृत घोषित करा दिया. आरोपी तारा चंद्र शर्मा ने साल 2013 में नगर निगम से फर्जी मृत्यु प्रमाण पत्र बनाकर कोर्ट में पेश किया. इस मृत्यु प्रमाण पत्र में उसे 1998 में मृत दिखाया गया था. इसके बाद कोर्ट में कार्रवाई को समाप्त कर दिया गया.
12 साल बाद खुल गई तारा चंद्र की पोल
तारा चंद्र ने अपना शातिर दिमाग लागकर खुद को मुकदमे से बचा लिया लेकिन 12 साल बाद उसकी पोल खुल गई जब उसे आगरा के गांधी नगर क्षेत्र में स्कूटी चलाते हुए देखा गया. बता दें कि, नबंवर 2025 में वादी राजकुमार वर्मा ने आरोपी को आगरा के गांधी नगर क्षेत्र में स्कूटी चलाते देखा. उसने स्कूटी की फोटो खींची और स्कूटी के नंबर से आरटीओ कार्यालय में जानकारी निकाली यह स्कूटी आरोपी तारा चंद्र ने उसने 2016 में अपने नाम पर पंजीकृत कराई थी.
ये भी पढ़ें – सुबह 4 बजे काम आई ब्लिंकिट की फ्री एंबुलेंस सर्विस, जानें कैसे डिलीवरी ऐप ने बचाई जान?
कोर्ट के आदेश पर जांच शुरू
वादी राजकुमार ने इस मामले में सबूतों को जमा किया और कोर्ट में प्रार्थना पत्र दाखिल किया. अब कोर्ट के आदेश पर मामले की जांच हो रही है. इस मामले की पुलिस जांच में आरोपी के जिंदा होने की पुष्टि हुई है. इस मामले में विस्तृत जांच के बाद पूरे केस की दोबारा समीक्षा की जाएगी. इसके बाद आरोपी पर धोखाधड़ी और न्याय में बाधा डालने जैसे मामलों में कार्रवाई हो सकती है.
न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on:
Know More: Editorial Guidelines