What is Operation Kalanemi?: उत्तराखंड में इन दिनों देशभर से लोग चार धाम की यात्रा करने के लिए आ रहे हैं। हालांकि, बारिश के कहर और तबाही को देखते हुए कुछ समय के लिए चार धाम यात्रा पर रोक लगा दी गई थी। इसके बाद फिर से यात्रा शुरू कर दी गई। लेकिन इसके बाद अब एक नई परेशानी खड़ी हो गई है। दरअसल, उत्तराखंड में कुछ फर्जी बाबा सनातन धर्म की आड़ में लोगों को ठग रहे हैं और उनकी भावनाओं के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। इस परेशानी से निपटने के लिए राज्य में ऑपरेशन कालनेमि शुरू किया जा रहा है। चलिए जानते हैं कि आखिर ये ऑपरेशन कालनेमि क्या है।
क्या है ऑपरेशन कालनेमि?
उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने अपनी फेसबुक पोस्ट के जरिए ऑपरेशन कालनेमि के शुरू होने की जानकारी दी है। उन्होंने अपनी पोस्ट में ऑपरेशन कालनेमि के बारे में बताते हुए कहा कि राज्य में अधिकारियों को चार धाम यात्रा के दौरान लोगों को ठगने वाले फर्जी बाबाओं के खिलाफ ऑपरेशन कालनेमि शुरू करने का सख्त निर्देश दिया गया है।
आज के कालनेमि असुर
जिस तरह से रामायण में असुर कालनेमि ने साधु बनकर भगवान हनुमान को भ्रमित करने की कोशिश की थी, वैसे ही आज भी समाज में कई कालनेमि असुर सक्रिय हैं। ये लोग धार्मिक बाबाओं का भेष धारण कर अपराध को अंजाम दे रहे हैं। लेकिन अब उत्तराखंड में आस्था के नाम पर पाखंड फैलाने वाले कालनेमि को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।
दोषियों के खिलाफ होगी कड़ी कार्रवाई
पिछले कुछ समय से प्रदेश में कई ऐसे मामले सामने आए हैं, जहां असामाजिक तत्व साधु-संतों के भेष में लोगों को ठगने का काम कर रहे हैं। ऐसे फर्जी साधु-संतों की ठगी का शिकार ज्यादातर महिलाएं होती हैं। इससे न सिर्फ लोगों की धार्मिक भावनाएं आहत हो रही हैं, बल्कि सामाजिक सौहार्द और सनातन परंपरा की छवि को भी नुकसान पहुंच रहा है। ऐसे में किसी भी धर्म का व्यक्ति यदि ऐसा कोई काम करता हुआ मिलता है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।