अखिलेश बने 'श्री कृष्ण' तो PM मोदी को बनाया 'भ्रष्टाचारी मामा'; वाराणसी से हटाया विवादित पोस्टर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में पोस्टर वॉर शुरू हो गई है। इसे लेकर विवाद तेज हुए तो पुलिस को वाराणसी की सड़क पर लगा पोस्ट फौरन उतरवाना पड़ गया। आइए जानते हैं आखिर पूरा मामला क्या है?

varanasi poster war akhilesh yadav pm modi

समाजवादी पार्टी (सपा) के अध्यक्ष और यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव का एक पोस्टर सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। यह पोस्टर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी का है। पोस्टर पर विवाद शुरू होने के बाद पुलिस ने इसे उतरवा दिया है। हालांकि इसकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर आग की तरह फैल गई है, जिसे लेकर सियासत में खलबली मच गई है।

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पोस्टर पर हुआ विवाद

वाराणसी में छिड़ी इस पोस्टर वॉर के तार अखिलेश यादव के गाय से दुर्गंध वाले बयान से जोड़े जा रहे हैं। इसी बयान पर बीजेपी ने पलटवार किया तो समाजवादी लोहिया वाहिनी ने अखिलेश को भगवान श्री कृष्ण दिखाते हुए पोस्टर जारी कर दिया। इस पोस्टर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भ्रष्टाचारी मामा कहा गया है। विवादित पोस्टर पर एक्शन लेते हुए पुलिस ने इसे उतरवा दिया है।

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बैनर पर लिखे विवादित बोल

सूत्रों की मानें तो वाराणसी की सड़कों पर यह बैनर समाजवादी लोहिया वाहिनी पार्टी ने लगवाए थे। पार्टी के महानगर अध्यक्ष संदीप मिश्रा ने वाराणसी के लहुराबीर क्षेत्र में यह बैनर लगवाया गया था। बैनर में अखिलेश यादव को श्री कृष्ण की भूमिका में दर्शाया गया और पीएम नरेंद्र मोदी को भ्रष्टाचारी मामा कहा गया है। साथ ही पोस्टर पर लिखा है कि ‘गाय गंगा गीता के ढोंगी चले हैं गौशाला गोबर और गाय पर बात करने।’

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पोस्ट पर शुरू हुआ विवाद

बैनर पर लिखा है कि यदुकुल के वंशज भगवान श्री कृष्ण रूपी गोवर्धनधारी व सुदर्शन चक्रधारी श्री अखिलेश यादव जी करेंगे कलयुग के भ्रष्टाचारी मामा का अंत। इस पोस्टर ने सियासी गलियारों में नए विवादों को जन्म दे दिया है। ऐसे में विवाद पर एक्शन लेते हुए पुलिस ने पोस्टर उतार दिया है।

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