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होटलों में पार्टी, लाखों के चेक और…गाजियाबाद में 70 करोड़ ठगने वाली कंपनी जानें कैसे लगाती थी चूना?

Ghaziabad 70 Crore Fraud Case: यूपी एसटीएफ ने ठगों के एक गिरोह को गिरफ्तार किया है। इन ठगों ने शेयर ट्रेडिंग की मदद से पैसों का लालच देकर लोगों से 70 करोड़ की ठगी को अंजाम दिया है।

Ghaziabad 70 Crore Fraud Case: स्पेशल टास्क फोर्स ने लखनऊ के इंदिरापुरम कोतवाली क्षेत्र से कुछ ठगों को गिरफ्तार किया था। ठगों के पास 6 मोबाइल फोन, खाते और कंपनी के दस्तावेज बरामद हुए थे। इन ठगों ने ट्रेडिंग का झांसा देकर 70 करोड़ की ठगी को अंजाम दिया है। कई लोग इस ठगी का शिकार हो गए हैं।

अमेरिकन कंपनी से सीखा शेयर ट्रेडिंग

STF ने आरोपियों को लखनऊ से गिरफ्तार किया। इस ठगी का मुख्य आरोपी विनोद कुमार धामा था, जो अन्य साथियों के साथ मिलकर लोगों से मोटी रकम वसूलता था। विनोद ने पुलिस को बताया कि उसने अमेरिकन कंपनी में काम करते हुए शेयर ट्रेडिंग सीखी थी। 2022 में उसने अपने कुछ दोस्तों के साथ मिलकर नोएडा सेक्टर 63 में एक ऑनलाइन ट्रेडिंग कंपनी खोली। विनोद ने अपनी कंपनी को रजिस्टर भी करवाया था। यह भी पढ़ें- STF अफसर डीके शाही कौन? जिसने किया मंगेश यादव का एनकाउंटर; पत्नी के पद पर उठे सवाल

होटलों में होती थी प्रमोशनल पार्टी

खबरों की मानें तो ग्राहकों को फंसाने के लिए ठगों का यह गिरोह बड़े होटलों में प्रमोशन पार्टी करता था और प्रमोटर्स को लाखों का चैक देकर प्रचार किया करता था। 2022 में विनोद के इस गिरोह ने गाजियाबद के एक नामी होटल में प्रमोशन पार्टी की थी। इस दौरान चेक देते हुए विनोद की फोटो सोशल मीडिया पर सामने आई है।

कैसे होती थी ठगी?

STF की पूछताछ में विनोद ने बताया कि वो लोगों को ज्यादा से ज्यादा पैसे इंवेस्ट करने और हर महीने 10-15 प्रतिशत का ब्याज देने का वादा करता था। वहीं जब कंपनी में कई लाख रुपये इकट्ठा होते, तो विनोद कंपनी बंद करके गायब हो जाता था। इस तरह विनोद ने अलग-अलग जगहों पर कई ट्रेडिंग कंपनियां खोलीं और लोगों का पैसा लेकर फरार हो गया। विनोद के खिलाफ कई शहरों के पुलिस स्टेशन में मामले दर्ज हैं। पुलिस काफी समय से विनोद की तलाश में थी। विनोद को लखनऊ के इंदिरापुरम कोतवाली थाना क्षेत्र के वंसुधरा सेक्टर 5 से गिरफ्तार किया गया है। यह भी पढ़ें- blinkit से सामान मंगवाने वाले अलर्ट! मंगाए अंडरवियर मेल आए फीमेल, रिफंड भी फेल


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