Akhilesh Yadav To Visit Ayodhya Ram Temple: समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव 12 दिसंबर को अपने परिवार के साथ अयोध्या में राम मंदिर के दर्शन करने जाएंगे. बताया जा रहा है कि जनवरी 2024 में हुए ‘प्राण प्रतिष्ठा’ समारोह के बाद ये उनका मंदिर का पहला दौरा होगा. ये दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं, जिनके अगले साल फरवरी या मार्च में होने की उम्मीद है.
प्राण प्रतिष्ठा समारोह में हिस्सा नहीं लिया था
जनवरी 2024 में राम मंदिर के भव्य प्राण प्रतिष्ठा समारोह के लिए निमंत्रण मिलने के बावजूद, अखिलेश यादव इसमें शामिल नहीं हुए थे. कांग्रेस नेता राहुल गांधी भी इस कार्यक्रम से दूर रहे थे. उनके इस तरह शामिल न होने पर भारतीय जनता पार्टी और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ ने आलोचना की थी.
निमंत्रण को लेकर हुई थी बयानबाजी
इससे पहले राम मंदिर के निमंत्रण को लेकर अखिलेश यादव और विश्व हिंदू परिषद के अध्यक्ष आलोक कुमार के बीच राजनीतिक बयानबाजी हुई थी. समारोह से पहले आलोक कुमार ने सार्वजनिक रूप से पुष्टि की थी कि समाजवादी पार्टी प्रमुख को निमंत्रण भेजा गया है. साथ ही उन्होंने यह भी कहा था कि अब ये देखना होगा कि क्या भगवान राम उन्हें बुलाते हैं या नहीं. इस टिप्पणी का जवाब देते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि वे आलोक कुमार को व्यक्तिगत रूप से नहीं जानते हैं. उन्होंने कहा कि निमंत्रण आमतौर पर उन लोगों के बीच दिए-लिए जाते हैं जो एक-दूसरे को जानते हों.
बाद में जब अयोध्या राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने उन्हें औपचारिक रूप से निमंत्रण दिया, तो अखिलेश यादव ने इसके लिए आभार जताया. उन्होंने ये भी संकेत दिया था कि वो बाद में कभी अपने परिवार के साथ मंदिर जाएंगे. 12 दिसंबर का ये दौरा उनकी उसी ऐलान को पूरा करेगा और प्राण प्रतिष्ठा के बाद समाजवादी पार्टी प्रमुख का मंदिर में एक अहम सार्वजनिक दौरा होगा.
यूपी चुनाव से पहले लेंगे आशीर्वाद?
ऐसी उम्मीद जताई जा रही है कि अखिलेश यादव यूपी विधासभा चुनाव 2027 में कामयाबी के लिए रामलला का आशीर्वाद लेंगे. समाजवादी पार्टी के लिए 2027 का इलेक्शन बेहद अहम है, क्योंकि उनकी पार्टी तकरीबन 10 साल से उत्तर प्रदेश की सत्ता से बाहर है. हालांकि 2024 के लोकसभा चुनाव में पार्टी ने शानदार प्रदर्शन किया था, जिसे वो 2027 में दोहराना चाहती है.