हरियाणा के पलवल जिले के छायंसा गांव में एक रहस्यमयी बीमारी लोगों के लिए जी का जंजाल बन गई है. पिछले 15 दिनों में 12 लोगों की मौत हो चुकी है. इनमें बच्चे, युवा और बुजुर्ग सभी शामिल हैं. अचानक हो रही मौतों से पूरे गांव में डर का माहौल है. गांववालों के मुताबिक, सबसे पहले कुछ लोगों को तेज बुखार, खांसी, उल्टी, बदन दर्द और कमजोरी की शिकायत हुई. कुछ मरीजों की हालत इतनी बिगड़ी कि उन्हें अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उनकी जान नहीं बच सकी. हैरानी की बात ये है कि कई लोग कुछ ही दिनों में गंभीर रूप से बीमार हो गए.
ये भी पढ़ें: कैबिनेट मंत्री अनिल विज के साथ फिर हादसा, वाशरूम में गिरे, पैरों में हेयरलाइन फ्रैक्चर की पुष्टि
---विज्ञापन---
स्वास्थ्य विभाग की टीम कर रही जांच
मामले की गंभीरता को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की टीम गांव में कैंप लगाकर जांच कर रही है. अब तक 400 से ज्यादा लोगों की स्क्रीनिंग की जा चुकी है और करीब 300 लोगों के ब्लड सैंपल लिए गए हैं. शुरुआती जांच में दो लोगों में हेपेटाइटिस-बी और हेपेटाइटिस-सी की पुष्टि हुई है, लेकिन डॉक्टरों का कहना है कि इससे सभी मौतों की वजह साफ नहीं होती. स्वास्थ्य अधिकारियों ने गांव के पीने के पानी के सैंपल भी जांच के लिए भेजे हैं. जांच में सामने आया है कि कई घरों के पानी में बैक्टीरिया पाए गए हैं और क्लोरीन की मात्रा कम है. इससे आशंका जताई जा रही है कि गंदा पानी बीमारी फैलने की बड़ी वजह हो सकता है.
---विज्ञापन---
साफ पानी पीने की दी सलाह
छायंसा गांव में लोग अलग-अलग स्रोतों से पानी इस्तेमाल करते हैं. कहीं सरकारी सप्लाई है, तो कहीं टैंकर और आरओ का पानी. कई घरों में पानी लंबे समय तक टंकियों में जमा रहता है, जिससे संक्रमण फैलने का खतरा बढ़ जाता है. फिलहाल स्वास्थ्य विभाग ने कई मेडिकल टीमों को तैनात किया है. गंभीर हालत वाले मरीजों को अस्पताल में भर्ती कराया जा रहा है और बाकी लोगों को साफ पानी पीने, उबला हुआ पानी इस्तेमाल करने और साफ-सफाई का ध्यान रखने की सलाह दी गई है. प्रशासन का कहना है कि मौतों की सही वजह का पता लगाने के लिए जांच जारी है. गांव में स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है, ताकि किसी भी तरह की लापरवाही ना हो और लोगों की जान बचाई जा सके.