Pune Metro News: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वर्चुअल माध्यम से पुणे को 21,800 करोड़ रुपये से अधिक की मेट्रो परियोजनाओं का बड़ा उपहार दिया है. इस दौरान उन्होंने 8,300 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से तैयार पुणे मेट्रो लाइन 3 का उद्घाटन किया. इसके साथ ही, लगभग 13,500 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत वाले पुणे मेट्रो फेज-2 की आधारशिला भी रखी. परियोजनाओं की शुरुआत करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि आज पुणे ‘विकसित भारत’ की नई ऊर्जा को दिशा दे रहा है. उन्होंने पुणे की पहचान का जिक्र करते हुए कहा, “आईटी, ऑटोमोबाइल, फार्मास्यूटिकल्स, स्टार्टअप्स और इनोवेशन से लेकर मैन्युफैक्चरिंग तक-पुणे देश के युवाओं के सपनों और आकांक्षाओं का शहर बन चुका है. ऐसे में यहां मेट्रो कनेक्टिविटी का मजबूत होना शहर के विकास को नई रफ्तार देने वाला है.”
शहरों की पहचान के बदले पैमाने
पीएम मोदी ने जोर देकर कहा कि पुणे मेट्रो का यह विस्तार दिखाता है कि हम ‘विकसित भारत’ के लिए शहरों का निर्माण कैसे कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि पहले किसी शहर की पहचान उसके उद्योगों, मशहूर खान-पान या कृषि उत्पादों से होती थी, लेकिन आज इसके दो नए और अहम पैमाने जुड़ चुके हैं. शहर कितना प्रतिस्पर्धी है और वहां रहने वाले लोगों का जीवन कितना आसान है यानी ‘ईज ऑफ लिविंग’ का स्तर क्या है.
प्रधानमंत्री ने कहा कि मेट्रो जैसी आधुनिक परियोजनाएं इन दोनों ही पैमानों को बेहतर बनाती हैं और शहरवासियों के दैनिक जीवन को सुगम व तेज रफ्तार देती हैं. पुणे मेट्रो का यह नया नेटवर्क शहर के लाखों यात्रियों को जाम से राहत दिलाने और आवागमन को बेहद सुगम बनाने में मील का पत्थर साबित होगा.
पुणे मेट्रो खुद बनाएगी 30% बिजली, ग्रीन मेट्रो के साथ बने कई नए रिकॉर्ड
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने पुणे मेट्रो पर खुशी जाहिर करते हुए कहा, “मुझे इस बात की बेहद खुशी है कि यह मेट्रो एक ग्रीन मेट्रो के रूप में अपनी ऊर्जा का 30 प्रतिशत हिस्सा खुद ही उत्पन्न करेगी. यह मेट्रो एक तरह से कई नए रिकॉर्ड भी बना रही है.” पुणे मेट्रो फेज-2 के शिलान्यास के साथ ही शहर के सार्वजनिक परिवहन को नई मजबूती मिलेगी. हरित ऊर्जा के इस्तेमाल से न केवल बिजली की बचत होगी, बल्कि शहर में प्रदूषण घटाने और पर्यावरण को सुरक्षित रखने में भी बड़ी मदद मिलेगी. मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि मेट्रो विस्तार से पुणे के लोगों का सफर तेज, सुगम और पर्यावरण के अनुकूल बनेगा. नए चरण की शुरुआत पुणे के विकास और आधुनिक शहरी बुनियादी ढांचे के निर्माण में मील का पत्थर साबित होगी.