मध्य प्रदेश की मोहन यादव सरकार द्वारा सरकारी नौकरी की भर्ती नियम को लेकर जल्द ही बदलाव किया जा सकता है। राज्य सरकार प्रदेश के सभी विभागों में कर्मचारियों की भर्ती के नियम को एक समान करने की तैयारी कर रही है। इसके लिए एक प्रदेश एक नई भर्ती नियमावली बनाई जा रही है। मोहन सरकार ने नई भर्ती नियमावली बनाने का कार्य सामान्य प्रशासन विभाग को सौंपा है। अब सामान्य प्रशासन विभाग ने राज्य के बाकी विभागों से इस पर उनके सुझाव मांगे हैं।
2.5 लाख पदों पर होंगी भर्तियां
बता दें कि राज्य के अलग-अलग विभागों में आने वाले 2-3 सालों में करीब 2.5 लाख पदों पर भर्तियां की जाएंगी। इसलिए राज्य सरकार द्वारा सभी विभागों में कर्मचारियों के भर्ती नियम एक समान बनाने का फैसला किया गया है। दरअसल, अब तक कई विभागों में भर्ती के कुछ नियम काफी अलग हैं। इसकी वजह से प्रदेश लोक सेवा आयोग और कर्मचारी चयन मंडल भर्ती नियम तैयार करते हैं और अलग-अलग विज्ञापन निकालते हैं।
क्या है राज्य सरकार का प्लान?
विभागों के कर्मचारियों के भर्ती नियम अलग होने के कारण राज्य की चयन एजेंसियों को भर्ती करने में परेशानी होती है। इसके अलावा, भर्ती के प्रोसेस पर भी काफी समय लगता है। प्रदेश में आने वाले सालों में पैमाने पर विभाग में भर्तियां होने वाली हैं। अगर पुराने नियम से भर्ती हुई तो उसमें काफी समय लगेगा। समय और संसाधन की बचत के लिए प्रदेश में एक नई भर्ती नियमावली बनाई जा रही है। सामान्य प्रशासन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, नियमों की समानता सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए लागू की जाएगी।