सूडान में चल रही लड़ाई में फंसा भोपाल का युवा कारोबारी, बहन ने भारत सरकार से लगाई वापसी की गुहार

Bhopal young businessman Sudan Civil War

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MP News: विपिन श्रीवास्तव। अफ्रीकी देश सूडान में चल रहे युद्ध में सूडान की राजधानी खार्तूम में करीब डेढ़ हजार भारतीय भी फंसे हुए हैं। इन भारतीयों में 23 साल का भोपाल का एक युवा कारोबारी जयंत केवलानी भी फंसा हुआ है। जिसके बाद जयंत के परिजनों ने भारत सरकार से उसे वापस लाने की गुहार लगाई है।

सूडान में यूक्रेन-रूस वॉर से भी बुरे हालात

जयंत ने बताया कि ‘सूडान में यूक्रेन-रूस वॉर से भी बुरे हालात हैं। यहां पिछले चार दिनों से बिजली नहीं है। अंधेरे में ही रह रहे हैं। पानी और राशन भी खत्म हो रहा है। जिस बिल्डिंग में रह रहे हैं, ठीक उसके के सामने मिलिट्री कैम्प है, जहां बमबारी हो रही है। जयंत 20 अप्रैल को सूडान से दुबई लौटने वाले थे, तभी वहां लड़ाई शुरू हो गई। लेकिन अब वहां पर फंस कर रह गए हैं।’

बहन ने लगाई मदद की गुहार

जयंत के परिजनों ने बताया कि फिलहाल वह लगातार उनके संपर्क हैं, लेकिन जिस तरह से सूडान में हालत बन रहे हैं, उससे हमें जयंत की चिंता हो रही है। जयंत की बहन वंशिका लगातार ट्वीट कर केंद्र सरकार से मदद की गुहार लगा रही है। वंशिका ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान, विदेश मंत्री एस जयशंकर के अलावा कमलनाथ, दिग्विजय सिंह राहुल गांधी, प्रियंका गांधी को भी अपने ट्वीट टेग किए हैं।

20 अप्रैल को लोटने वाला था जयंत

भोपाल के संत हिरदाराम नगर में रहने वाले जयंत के माता पिता बहन का रो रो कर बुरा हाल है। पिता नरेंद्र केवलानी का कहना है कि पिछले चार दिनों से वहां बिजली नहीं है। अंधेरे में ही रह रहे हैं। पानी और राशन भी खत्म हो रहा है। जिस बिल्डिंग में बेटा फंसा हैं, ठीक उसके सामने ही मिलिट्री कैम्प है, जहां बमबारी हो रही है। जयंत 20 अप्रैल को सूडान से दुबई लौटने वाले था, तभी वहां लड़ाई शुरू हो गई। जयंत की मां तमन्ना केवलानी का कहना है कि उम्मीद है कि मामा शिवराज और मोदी जी उनकी मदद जरूर करेंगे। तो जयंत की बहन का कहना है कि क्या केंद्र सरकार सो रही है जो अब तक कोई कदम क्यों नहीं उठाए।

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