मुख्य बातें:-

  • गुरुग्राम-रेवाड़ी राष्ट्रीय राजमार्ग का द्वारका एक्सप्रेसवे से लेकर केएमपी (कुंडली-मानेसर-पलवल) एक्सप्रेसवे तक का 10 किलोमीटर लंबा हिस्सा तैयार हो गया है.
  • 10 किलोमीटर लंबा सयह लिंक हाईवे अगले महीने यानी जुलाई को आम जनता के लिए खोल दिया जाएगा.
  • इस नए लिंक के शुरू होने से 45 मिनट का रास्ता महज 10 मिनट में पूरा हो सकेगा.
  • माना जा रहा है कि नए लिंक के शुरू होने से दिल्ली-जयपुर हाईवे पर से भी ट्रैफिक का दबाव कम होगा.

दिल्ली-एनसीआर के लोगों के लिए सफर को आसान बनाने की दिशा में एक बड़ी खुशखबरी सामने आई है. गुरुग्राम-रेवाड़ी राष्ट्रीय राजमार्ग का द्वारका एक्सप्रेसवे से लेकर केएमपी (कुंडली-मानेसर-पलवल) एक्सप्रेसवे तक का 10 किलोमीटर लंबा हिस्सा आने वाले जुलाई के महीने से आम जनता के लिए पूरी तरह खोल दिया जाएगा. भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) ने इसे चालू करने की सभी अंतिम प्रशासनिक तैयारियां तेजी से शुरू कर दी हैं. सड़क का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है और सुरक्षा मानकों से जुड़ी जरूरी जांच भी सफलतापूर्वक हो चुकी है.

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45 मिनट की दूरी अब चंद मिनटों में होगी पूरी

माना जा रहा है कि इस नए 10 किलोमीटर लंबे हाईवे लिंक के शुरू होने से सबसे बड़ा फायदा समय की बचत के रूप में मिलेगा. वर्तमान समय में इस दूरी को तय करने के लिए वाहन चालकों को खराब रास्तों और ट्रैफिक के कारण आधे से पौन घंटे (करीब 45 मिनट) का समय लग जाता है. लेकिन जुलाई से यह नया रास्ता खुलते ही लोग इस सफर को मात्र 8 से 10 मिनट में आसानी से पूरा किया जा सकेगा. इसके अलावा, गांव हरसरू के पास चल रहा सीवर लाइन शिफ्टिंग का अंतिम काम भी अगले कुछ दिनों में पूरा हो जाएगा, जिसके बाद दिल्ली-जयपुर हाईवे पर गाड़ियों का भारी दबाव काफी हद तक कम हो जाएगा.

इन गांवों और नए सेक्टरों की चमकेगी किस्मत

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, एनएचएआई (NHAI) के परियोजना निदेशक योगेश तिलक के अनुसार, इस एक्सप्रेसवे हिस्से के चालू होने से गुरुग्राम के दर्जनों ग्रामीण इलाकों और नए विकसित हो रहे रिहायशी सेक्टरों के लाखों लोगों को सीधा लाभ पहुंचेगा. इस कनेक्टिविटी से प्रमुख रूप से:

लाभान्वित होने वाले मुख्य गांव: हरसरू, वजीरपुर, गढ़ी, साढ़राणा, चंदू, हमीरपुर, हयातपुर, ढोरका, भांगरौला और झुंडसराय.

लाभान्वित होने वाले नए सेक्टर: सेक्टर-88, 88A, 89, 90, 91, 92, 93, 95 से लेकर सेक्टर-98 तक के सभी रहवासियों को अब सीधा रास्ता मिलेगा.

औद्योगिक क्षेत्र को बढ़ावा: आईएमटी (IMT) मानेसर के नए औद्योगिक सेक्टरों, फरुखनगर और झज्जर की तरफ आने-जाने वाले व्यापारियों और नौकरीपेशा लोगों के लिए भी द्वारका एक्सप्रेसवे तक पहुंचना बेहद आसान हो जाएगा.

गुरुग्राम से रेवाड़ी तक तैयार हो जाएगा वैकल्पिक रूट

गुरुग्राम से रेवाड़ी के बीच पीक आवर्स के दौरान 45 किलोमीटर का सफर तय करने में फिलहाल दो से तीन घंटे का समय बर्बाद हो जाता है, जबकि सामान्य तौर पर इसमें सवा घंटे से ज्यादा का समय नहीं लगना चाहिए. इसी समस्या को जड़ से खत्म करने के लिए इस पूरे नए हाईवे का निर्माण किया जा रहा है. अधिकारियों के मुताबिक, द्वारका एक्सप्रेसवे से लेकर रेवाड़ी तक के पूरे 43 किलोमीटर लंबे हिस्से को इसी साल सितंबर 2026 तक पूरा करने का बड़ा लक्ष्य रखा गया है. इसके चालू होते ही दिल्ली-जयपुर हाईवे (NH-48) पर निर्भरता खत्म हो जाएगी और यात्रियों के पास रेवाड़ी जाने के लिए एक शानदार और बेहद तेज विकल्प मौजूद होगा.

नए लिंक से होगा काफी फायदा

  • इन एक्सप्रेसवे के हिस्से के शुरू होने से न सिर्फ वाहन चालकों बल्कि कई गांवों और सेक्टरों को भी फायदा मिलेगा.
  • इन इलाकों में रियल एस्टेट के दामों में अच्छा खासा इजाफा होगा.
  • पीक आवर में लगने वाला घंटों के जाम से मुक्ति मिलेगी.

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