Greater Noida News: ग्रेटर नोएडा के ग्रैंड वेनिस में निवेश करने वालों की जगी उम्मीद, IRP ने मांगा पूरा डाटा

Greater Noida News: ग्रेटर नोएडा में लंबे समय से विवादों में घिरे साइट-4 स्थित ग्रैंड वेनिस प्रोजेक्ट के खरीदारों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। दिवालिया प्रक्रिया का सामना कर रही इस परियोजना में इंसॉल्वेंसी रिजोल्यूशन प्रोफेशनल (आईआरपी) ने अब सभी खरीदारों से आवेदन मांगे हैं।

Grand Vencie Mall
विज्ञापन

Greater Noida News: ग्रेटर नोएडा में लंबे समय से विवादों में घिरे साइट-4 स्थित ग्रैंड वेनिस प्रोजेक्ट के खरीदारों के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। दिवालिया प्रक्रिया का सामना कर रही इस परियोजना में इंसॉल्वेंसी रिजोल्यूशन प्रोफेशनल (IRP) ने अब सभी खरीदारों से आवेदन मांगे हैं। इस संबंध में एक सार्वजनिक सूचना जारी कर खरीदारों को 14 दिन का समय दिया गया है जिसके तहत उन्हें यह बताना होगा कि वह अपनी बुक की गई यूनिट का कब्जा चाहते है या फिर जमा रकम वापस।

सैकड़ों खरीदारों ने किया है निवेष
प्रोजेक्ट के तहत भसीन इंफोटेक एंड इंफ्रास्ट्रक्चर और ग्रैंड वेनेजिया कॉमर्शियल टावर्स की ओर से विकसित ग्रैंड वेनिस मॉल और उससे जुड़े कमर्शियल स्पेस में सैकड़ों खरीदारों का पैसा फंसा है। खरीदार बीते कई वर्षों से यूपी रेरा, एनसीएलटी और यहां तक कि सुप्रीम कोर्ट तक न्याय की गुहार लगा चुके हैं। आखिरकार 22 जुलाई को सुप्रीम कोर्ट ने इस प्रकरण में हस्तक्षेप करते हुए आईआरपी को निर्देशित किया कि वह सभी प्रभावित खरीदारों से विस्तृत जानकारी हासिल करें। उनके दावों पर निर्णय लिया जा सके।

Advertisment

आवेदन में देनी होगी ये जानकारी
खरीदारों को आवेदन में अपना नाम, संपर्क विवरण, पहचान पत्र, बुक की गई यूनिट की जानकारी, कब्जे की स्थिति, यूनिट की कुल कीमत, अब तक किया गया भुगतान और अपनी कुल दावा राशि बतानी होगी। इसके अलावा खरीदारों को यह स्पष्ट करना होगा कि उन्हें फ्लैट या कमर्शियल यूनिट का कब्जा चाहिए या फिर वह अपनी रकम ब्याज के साथ या बिना ब्याज के वापस लेना चाहते हैं। इसके साथ उन्हें आवंटन पत्र, पेमेंट रसीद और अन्य जरूरी दस्तावेज भी संलग्न करने होंगे।

लंबे समय से विवादित है यह प्रोजेक्ट
ग्रैंड वेनिस प्रोजेक्ट का नाम बाइक बोट घोटाले में भी सामने आ चुका है। खरीदारों का आरोप है कि बिल्डर ने उनके पैसों का इस्तेमाल अन्य प्रोजेक्ट्स में कर दिया। इस प्रकरण में पुलिस द्वारा बिल्डर की गिरफ्तारी भी हो चुकी है, हालांकि बाद में उसे जमानत मिल गई। मॉल के भीतर चल रही गंडोला राइड को भी वसूली के चलते बंद करा दिया गया था।

क्या कहते हैं खरीदार
खरीदारों का कहना है कि आईआरपी की यह प्रक्रिया अगर पारदर्शिता और निष्पक्षता के साथ आगे बढ़ती है तो उन्हें वर्षों से लटके अपने निवेश का कुछ न कुछ न्याय जरूर मिलेगा। अब नजरें आईआरपी के आगामी फैसलों पर टिकी है।

विज्ञापन

विज्ञापन

Get Breaking News First and Latest Updates from India and around the world on News24. Follow News24 on Facebook, Twitter.

First published on:

Read more: About our editorial guidelines and standards here.

लेख समाप्त
विज्ञापन
होम पेज पर वापस जाएँ