Who is Khan Sir: बिहार की राजधानी पटना में मंगलवार देर रात मशहूर शिक्षक 'खान सर' के 'खान जी.एस. रिसर्च सेंटर' पर हुए ताबड़तोड़ पथराव और फायरिंग की घटना ने पूरे देश को हैरान कर दिया है. इस हमले में कोचिंग के दफ्तर में भारी तोड़फोड़ हुई और एक सुरक्षाकर्मी (गार्ड) गंभीर रूप से घायल हो गया. खान सर ने सीधा आरोप लगाया है कि कम फीस में अच्छी शिक्षा देने के कारण 'कोचिंग माफिया' उनसे तमतमाए हुए हैं और उन्हें दो दिन में कोचिंग बम से उड़ाने की धमकी भी मिली है. इस दुस्साहसिक हमले के बाद हर कोई यह जानना चाहता है कि आखिर कौन हैं खान सर और क्यों वे कुछ लोगों की आंखों की किरकिरी बने हुए हैं?

---विज्ञापन---

UP के देवरिया से पटना तक का सफर

बहुत कम लोग जानते हैं कि बिहार को अपनी कर्मभूमि बनाने वाले खान सर का जन्म साल 1993 में उत्तर प्रदेश के देवरिया जिले में हुआ था. उनका असली नाम फैजल खान है. खान सर शुरू से ही पढ़ाई में काफी होनहार रहे हैं. उन्होंने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से विज्ञान में स्नातक (B.Sc.) और फिर भूगोल विषय में स्नातकोत्तर (M.Sc.) की डिग्री हासिल की है. उच्च शिक्षा पूरी करने के बाद उन्होंने बिहार की राजधानी पटना को अपनी कर्मभूमि बनाया और यहां के मुसल्लहपुर इलाके में ऑफलाइन कोचिंग की शुरुआत की.

---विज्ञापन---

चुटकुलों से बना देते हैं हर विषय को आसान

खान सर को पहचान दिलाने में सबसे बड़ा योगदान उनके पढ़ाने की अनोखी शैली का है. लॉकडाउन के समय जब उन्होंने यूट्यूब का रुख किया, तो उनका यह अंदाज देश भर के छात्रों को भा गया. आज वह पटना में जी.एस. रिसर्च सेंटर' चलाते हैं, साथ ही ''खान ग्लोबल स्टडीज' के माध्यम से ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों ही तरीकों से देश के लाखों-करोड़ों छात्र उनसे जुड़े हुए हैं. खान सर कठिन से कठिन विषयों—जैसे इतिहास, भूगोल, विज्ञान और UPSC, SSC व रेलवे जैसी परीक्षाओं के सामान्य अध्ययन (GS) को बहुत ही सरल, आम बोलचाल की भाषा और मजेदार चुटकुलों के साथ समझा देते हैं. यही वजह है कि छात्र उनके लेक्चर को बोरिंग समझने के बजाय बड़े चाव से देखते हैं.

---विज्ञापन---

सस्ती शिक्षा का मिशन बना हमले की वजह?

खान सर की सबसे बड़ी ताकत उनका 'सस्ती शिक्षा का मिशन' है. जहां बड़े शहरों के कोचिंग संस्थान लाखों रुपये की फीस वसूलते हैं, वहीं खान सर गरीब और जरूरतमंद छात्रों को बेहद कम फीस में, या कई बार मुफ्त में भी उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा देते हैं. उनका लक्ष्य है कि पैसों की तंगी की वजह से किसी गरीब का बच्चा पीछे न छूटे. खान सर का आरोप है कि उनका यही मिशन और उनका बेहतर रिजल्ट ही कुछ कोचिंग माफियाओं को रास नहीं आ रहा है, जिसके चलते उनके संस्थान को निशाना बनाया गया है.

---विज्ञापन---