मुख्य बिंदु
- भीषण गर्मी के कारण पटना में 8वीं क्लास तक के स्कूल 30 जून तक बंद रहेंगे.
- हीटवेव की कंडीशन के कारण बक्सर, कैमूर और रोहतास में येलो अलर्ट जारी है.
- भारी बारिश, आंधी और बिजली गिरने की वजह से 25 ज़िलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है.
- अगले 7 दिनों तक पूरे बिहार में 30–50 किमी/घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की उम्मीद है.
- 1 जुलाई से पूरे बिहार में भारी और व्यापक बारिश शुरू होने की संभावना है.
Patna and Bihar Weather Today: पटना में लोग मौसम बदलने का बेसब्री से इंतजार कर रहे है, हालांकि दक्षिण-पश्चिम मॉनसून बिहार पहुंच चुका है, लेकिन पिछले कुछ दिनों से इसकी रफ़्तार धीमी रही है. फिर भी, भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने सोमवार, 29 जून 2026 को पूरे राज्य में मौसम में बड़े बदलाव का अनुमान लगाया है. भारी बारिश, आंधी-तूफान और बिजली गिरने की संभावना को देखते हुए 25 जिलों के लिए 'ऑरेंज अलर्ट' जारी किया गया है.
बारिश का पूर्वानुमान
अनुमान के मुताबिक, अगले हफ्ते बिहार के ज्यादातर हिस्सों में बारिश के साथ-साथ 30 से 50 किमी/घंटा की रफ़्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है. लोगों को सलाह दी गई है कि वो आंधी-तूफान के दौरान घर के अंदर रहें और बिजली कड़कने के वक्त खुली जगहों पर जाने से बचें.
इन जिलों में गर्मी का कहर
ऑरेंज अलर्ट वाले जिलों में पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण, गोपालगंज, सिवान, सारण, वैशाली, मुजफ्फरपुर, शिवहर, सीतामढ़ी, मधुबनी, दरभंगा, समस्तीपुर, बेगूसराय, खगड़िया, सुपौल, सहरसा, मधेपुरा, पूर्णिया, कटिहार, अररिया, किशनगंज, भागलपुर, मुंगेर, बांका और जमुई शामिल हैं. जहां बिहार के ज्यादातर हिस्सों में बारिश की उम्मीद है, वहीं बक्सर, कैमूर और रोहतास में लू के कारण 'येलो अलर्ट' जारी है.
पटना में 30 जून तक स्कूल बंद
लगातार उमस भरे मौसम के कारण, पटना प्रशासन ने सभी सरकारी और प्राइवेट स्कूलों में कक्षा 8 तक की पढ़ाई 30 जून तक बंद रखने का फैसला किया है. जहानाबाद में कक्षा 1 से 8 तक के स्कूल सिर्फ सुबह 11:30 बजे तक ही खुलेंगे. पटना में आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहने और हल्की से मध्यम बारिश के साथ तेज हवाएं चलने की उम्मीद है. दिन के तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आ सकती है, हालांकि जब तक अच्छी बारिश शुरू नहीं होती, तब तक उमस बनी रहने की संभावना है.
कब से बारिश की संभावना?
मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि बंगाल की खाड़ी में बना कम दबाव का क्षेत्र मॉनसून को मजबूत करेगा. 30 जून से बारिश की गतिविधियां तेज होने की संभावना है और 1 जुलाई से पूरे बिहार में अच्छी बारिश हो सकती है. इससे किसानों और आम जनता, दोनों को फ़ायदा होने की उम्मीद है. 11 जून को मॉनसून के जल्दी आने के बावजूद, बिहार में अब तक सामान्य 140.4 मिमी के मुकाबले सिर्फ़ 69.8 मिमी बारिश हुई है, जिससे राज्य में बारिश की कमी तकरीबन 50 फीसदी हो गई है. मौसम विशेषज्ञों का मानना है कि बारिश का आने वाला दौर इस कमी को काफी हद तक कम कर सकता है.
निष्कर्ष
आने वाले दिनों में पटना समेट पूरे बिहार में मॉनसून की गतिविधि में काफी सुधार होने की उम्मीद है, जिससे लंबे समय तक सूखे के बाद जोरदार बारिश होगी. हालांकि भारी बारिश से कुछ समय के लिए रुकावटें आ सकती हैं, लेकिन इससे बारिश की कमी पूरी होने और गर्मी और उमस से बहुत जरूरी राहत मिलने की संभावना है. अधिकारियों ने लोगों से सतर्क रहने और मौसम संबंधी सलाहों का पालन करने की अपील की है, खासकर ऑरेंज अलर्ट वाले जिलों में.