Bihar Don Anand Mohan: बिहार के बाहुबली और पूर्व सांसद आनंद मोहन अपने बेटे की सगाई के लिए 15 दिन के पैरोल पर जेल से बाहर हैं। इस बीच उनकी रिहाई का आदेश भी आ गया है। बुधवार 27 अप्रैल को कागजी कार्रवाई के बाद उनकी रिहाई पर सरकारी ठप्पा लग जाएगा। आनंद मोहन के साथ 26 और कैदियों को भी रिहा किया जाएगा।
1994 में हुए गोपालगंज के तत्कालीन डीएम जी कृष्णय्या की हत्या के आरोप में आनंद मोहन उम्रकैद की सजा काट रहे हैं। निचली अदालत ने उन्हें फांसी की सजा सुनायी थी, हालांकि हाईकोर्ट ने इसे उम्र कैद की सजा में बदल दिया था। उन्हें सुप्रीम कोर्ट से भी राहत नहीं मिली थी। बिहार सरकार ने कहा है कि आनंद मोहन 14 साल की सजा काट चुके हैं। उनके अच्छे व्यवहार के कारण उन्हें परिहार पर रिहा किया जा रहा है।
क्यों आनंद मोहन आया बाहर?
दरअसल, बिहार की नीतीश कुमार की गठबंधन वाली सरकार ने 10 अप्रैल को जेल मैनुअल के परिहार नियमों में बदलाव किया है। इसके तहत सरकारी सेवकों की हत्या करने वाले कैदियों को भी 14 साल की सजा काटने के बाद छोड़ा जा सकता है। शर्त यह है कि कारावास की अवधि में कैदी का आचरण अच्छा हो। इसी नियम का आनंद मोहन को फायदा पहुंचा है।
चौतरफा घिरी नीतीश सरकार
आनंद मोहन की रिहाई के बाद नीतीश सरकार घिर गई है। भाजपा नेता और सांसद सुशील मोदी ने कहा कि नीतीश कुमार अब क्रिमिनल और बाहुबली के सहारे राजनीति करना चाहते हैं। बिहार में जंगलराज की वापसी हो गई है। नीतीश कुमार ने आनन्द मोहन की रिहाई के लिए कानून में संशोधन केवल 2024 में राजनीतिक फायदा लेने के लिए किया है। लेकिन फायदा नहीं मिलने वाला है।
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रिहाई वाली सूची में आनंद मोहन का नाम 11वें नंबर पर
आंनद मोहन की रिहाई को लेकर विधि विभाग ने अधिसूचना जारी कर दी है। आनंद मोहन के साथ-साथ कुल 27 कैदी को छोड़ने का निर्णय हुआ है। जिनमें से आनंद मोहन 11वें नंबर पर हैं।
बिहार सरकार के विधि विभाग ने उन कैदियों की सूची जारी की जिन्हें 14 साल की सजा काट लेने के बाद छोड़ा जा रहा है। इस सूची में 27 नाम हैं, जिनमें 13 नाम एमवाई (मुस्लिम-यादव) समीकरण वाले हैं। सरकार की सूची में लखीसराय जेल में बंद अशोक यादव, बेऊर सेंट्रल जेल में बंद शिवजी यादव, भागलपुर के विशेष केंद्रीय कारा में बंद किरथ यादव, बक्सर के ओपेन जेल में बंद राज बल्लभ यादव उर्फ बिजली यादव, पतिराम राय और किशुनदेव राय, भागलपुर जेल में बंद चन्देश्वरी यादव, बिहारशरीफ जेल में बंद खेलावन यादव के साथ साथ भागलपुर के स्पेशल जेल में बंद मो. खुदबुद्दीन, अलाउद्दीन अंसारी, हलीम अंसारी और अख्तर अंसारी, अररिया जेल में बंद दस्तगीर खान का नाम शामिल है।
नीतीश कुमार ने स्टेज पर जाकर चेतन आनंद और उनकी होने वाली पत्नी को आशीर्वाद दिया।
आनंद मोहन के बेटे चेतन आनंद की सगाई मे पहुंचे नीतीश और तेजस्वी
आनंद मोहन के बेटे चेतन आनंद की सोमवार की शाम शाही अंदाज में सगाई हुई। पटना के चक बैरिया के विश्वनाथ फार्म में बने तालाब के अंदर नाव पर चेतन ने आयुषी को अंगूठी पहनाई। इस समारोह में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव संग तमाम नेता पहुंचे। खुद आनंद मोहन ने अपनी पत्नी लवली आनंद के साथ नीतीश कुमार का स्वागत किया और नीतीश कुमार ने स्टेज पे जाकर चेतन आनंद और उनकी होने वाली पत्नी को आशीर्वाद दिया।
चेतन आनंद की होने वाली पत्नी आयुषी सिंह वैशाली के राघोपुर की रहने वाली हैं। फिलहाल आयुषी का पूरा परिवार पटना में ही रहता है। काफी अरसे से आनंद मोहन के परिवार से जुड़ा हुआ है। बताया जाता है कि आयुषी एमबीबीएस के बाद एमडी कर रही हैं।
पटना से सौरव कुमार की रिपोर्ट।
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