Suryakumar Yadav: टीम इंडिया ने वरुण चक्रवर्ती की कातिलाना गेंदबाजी और अभिषेक शर्मा की धुआंधार बल्लेबाजी के दम पर इंग्लैंड को बुधवार को सात विकेट से मात दी। टीम ने इसी के साथ पांच मैचों की टी-20 सीरीज में 1-0 की लीड ले ली है। गेंदों के लिहाज से यह इंग्लिश टीम पर भारत की अब तक की सबसे बड़ी जीत है। भारत ने बेशक यह मैच एकतरफा अंदाज में अपने नाम किया हो, लेकिन इसके बाद भी कप्तान सूर्यकुमार यादव की टेंशन बढ़ गई है।
उनके टेंशन में होने की वजह उनका खुद का फॉर्म है। वो कोलकाता के ईडन गार्डन्स में अपना खाता भी नहीं खोल सके और इंग्लैंड के तेज गेंदबाज जोफ्रा आर्चर का शिकार बने। यह भारतीय कप्तान के रूप में उनके करियर का पहला शून्य है। एक समय ऐसा था जब सूर्यकुमार की टी-20 फॉर्मेट में तूती बोलती थी, लेकिन अब ऐसा नहीं है। ऐसा लगता है कि कप्तानी ने सूर्यकुमार यादव के फॉर्म को बुरी तरह प्रभावित किया है।
कप्तान के तौर पर सूर्यकुमार के आंकड़े
उनके आंकड़े देखें तो पाएंगे कि 2022 से 2023 के बीच उन्होंने 47 से ज्यादा की औसत और 173.8 के स्ट्राइक रेट से 1897 रन बनाए। इसका मतलब है कि उन्होंने उस पीरियड में अपने करियर के लगभग 73 प्रतिशत रन बनाए। लेकिन जब से उन्होंने कप्तानी का जिम्मा उठाया है, तब से उनके औसत के साथ-साथ स्ट्राइक रेट में भी गिरावट देखने को मिली है। उन्होंने कप्तानी संभालने के बाद सिर्फ 23 की औसत से रन बनाए हैं और इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट 165.46 का रहा है। सूर्यकुमार ने अपने टी-20 इंटरनेशनल करियर में चार-चार शतक जड़ने में कामयाबी हासिल की है, लेकिन कप्तान बनने के बाद उनके बल्ले से अब तक सिर्फ दो फिफ्टी निकली हैं।
आर्चर का शिकार बने सूर्यकुमार
कोलकाता के ईडन गार्डन्स में सलामी बल्लेबाज संजू सैमसन के आउट होने के बाद सूर्यकुमार अपनी फेवरेट नंबर तीन पोजीशन पर बैटिंग करने उतरे। इससे पहले साउथ अफ्रीका के खिलाफ इस नंबर पर तिलक वर्मा ने बल्लेबाजी की थी। आर्चर ने सूर्यकुमार का स्वागत बाउंसर के साथ किया, जिस पर कोई रन नहीं बना। अपने ओवर की पांचवीं गेंद पर आर्चर ने बाउंसर बॉल की स्पीड को कम किया, जिसको पुल करने के चक्कर में भारतीय कप्तान ने फाइन लेग के पास फिट सॉल्ट को कैच थमा दिया।