Ravindra Jadeja: टीम इंडिया ने रविवार को चैम्पियंस ट्रॉफी के फाइनल में न्यूजीलैंड को चार विकेट से मात देकर 12 साल का सूखा खत्म किया। भारत को कीवी टीम से 252 रनों का टारगेट मिला था, जिसे टीम ने छह विकेट से हासिल कर लिया। टीम के लिए भारत के स्टार ऑलराउंडर रविंद्र जडेजा ने भारतीय पारी के 49वें ओवर में कीवी तेज गेंदबाज विल ओ'रूर्के की गेंद पर चौका जड़कर विनिंग शॉट लगाया। मैच के बाद दिग्गज ऑलराउंडर को भारत के बेस्ट फील्डर का अवॉर्ड मिला है।

भारत के फील्डिंग कोच ने की जडेजा की तारीफ

मैच के बाद भारत के फील्डिंग कोच टी दिलीप ने उनको यह मेडल पहनाया। उन्होंने पूरे टूर्नामेंट में टीम के प्रदर्शन की तारीफ भी की। फाइनल में भारत की तरफ से फील्डिंग में कुछ गड़बड़ भी देखने को मिली, लेकिन इसके बाद भी दिलीप ने माना कि जडेजा का योगदान सबसे अलग था और उन्हें बेस्ट फील्डर का मेडल मिलना चाहिए। फाइनल मुकाबले में भारत की ओर से मोहम्मद शमी, श्रेयस अय्यर, रोहित शर्मा और शुभमन गिल ने कैच टपकाए। यह भी पढ़ें: टीम इंडिया ने ‘चार’ के फेर में फंसाया, रोहित-गंभीर का साहसिक फैसला काम आया, दुबई में चल गया मास्टर स्ट्रोक

वनडे वर्ल्ड कप से शुरू हुई है परंपरा

बता दें कि टी दिलीप ने वर्ल्ड कप 2023 से बेस्ट फील्डर का मेडल देना शुरू किया था और यह परंपरा हर मैच के बाद देखने को मिली है। चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल मैच के बाद भारतीय कप्तान रोहित शर्मा और रवींद्र जडेजा बेस्ट फील्डर ऑफ द मैच के दावेदार थे, लेकिन आखिर यह मेडल जडेजा की झोली में गया। मैच के बाद टी दिलीप ने जडेजा को लेकर कहा, 'वह अपनी गेंदबाजी में बेहतरीन प्रदर्शन कर रहे हैं। लेकिन आज जिस तरह से उन्होंने गेंद का पीछा किया, शानदार थ्रो किया, वह काफी शानदार है। यह भी पढ़ें: Champions Trophy 2025: टीम इंडिया के साथ ही इस अंपायर ने भी जीता दिल, कितना कमाते हैं Paul Reiffel?