हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: Asian Games 2026election commissionBigg Boss 20

'सिस्टम पर तमाचा...,' पीसीबी पर भड़का पूर्व क्रिकेटर

विज्ञापन
misbah ul haq mickey arthur

नई दिल्ली: हाल ही पाकिस्तान क्रिकेट ने पूर्व कोच मिकी आर्थर को क्रिकेट निदेशक के रूप में फिर से वापस बुला लिया है। इस पर पाकिस्तान के क्रिकेट में जमकर बवाल मचा हुआ है। अंतरिम मुख्य चयनकर्ता शाहिद अफरीदी आर्थर की नियुक्ति पर सवाल उठा चुके हैं तो वहीं दूसरी ओर पाकिस्तान के पूर्व कप्तान और कोच मिस्बाह-उल-हक भी भड़क गए हैं। मिस्बाह का मानना ​​है कि मिकी आर्थर की फिर से नियुक्ति पाकिस्तान क्रिकेट पर एक तमाचा है। मिस्बाह ने पाकिस्तान के पूर्व खिलाड़ियों पर सिस्टम की विश्वसनीयता को नुकसान पहुंचाने और कोचिंग भूमिकाओं के लिए पीसीबी को घरेलू क्षेत्र से बाहर देखने का आरोप लगाया। आर्थर के साथ पाकिस्तान की बातचीत इससे पहले तीन मौकों पर विफल हो चुकी थी, लेकिन पीसीबी अपनी बात पर कायम रहा। आर्थर ने पहले 2016 से 2019 तक टीम को कोचिंग दी थी।

यह हमारे क्रिकेट सिस्टम पर एक तमाचा

मिस्बाह ने ईएसपीएनक्रिकइन्फो से कहा, “यह हमारे क्रिकेट सिस्टम पर एक तमाचा है कि हम एक हाई-प्रोफाइल पूर्णकालिक कोच नहीं ढूंढ़ पा रहे हैं।” यह शर्म की बात है कि सबसे अच्छे लोग नहीं आना चाहते हैं और हम किसी ऐसे व्यक्ति पर जोर देते हैं जो पाकिस्तान को दूसरे विकल्प के रूप में देख रहा हो।

और पढ़िए – वर्ल्ड कप से पहले बड़ा झटका, फाइनल में साउथ अफ्रीका से हारी टीम इंडिया

विज्ञापन

हमें खुद को दोषी ठहराया जाना चाहिए

उन्होंने कहा- “मैं अपने स्वयं के सिस्टम को दोष देता हूं, जो किसी के भी शोषण करने के लिए जिम्मेदार है। हमें खुद को दोषी ठहराया जाना चाहिए कि हमने खराब छवि बनाने के लिए अपने ही लोगों का अनादर और अपमान किया है। एक दूसरे का सम्मान करें, लेकिन पूर्व खिलाड़ी रेटिंग के लिए अपने YouTube चैनल का उपयोग कर रहे हैं। हमारे क्रिकेट की विश्वसनीयता और मूल्य को पूरी तरह से प्रभावित कर रहे हैं, जिसके परिणामस्वरूप यह आभास होता है कि हम सक्षम नहीं हैं।”

पाकिस्तानी क्रिकेट प्रशंसक हमेशा असंतुष्ट रहता है

उन्होंने आगे कहा- “पाकिस्तानी क्रिकेट प्रशंसक हमेशा असंतुष्ट रहता है। वह मीडिया से चीजें उठा रहा है और गलत प्रभाव में है। खिलाड़ी एक-दूसरे के खिलाफ शिकायत के साथ बोल रहे हैं। तिरस्कार के साथ खुलकर बात कर रहे हैं।” “क्रिकेट देश में सबसे लोकप्रिय खेल है, लेकिन दुख की बात है कि यह कभी भी सही तरीके से सुर्खियों में नहीं आता है। पूर्व क्रिकेटर राष्ट्रीय चैनलों पर अपने साथी क्रिकेटरों का उपहास उड़ा रहे हैं, प्रशंसकों को गलत समझ आ रहा है। यहां कोई सहानुभूति नहीं है, कोई सम्मान नहीं है और हमारे देश के क्रिकेट में कोई अनुकूल माहौल नहीं है।”

विज्ञापन

और पढ़िए – ‘पुराना चावल है…’, धोनी ने कोहली को करा दिया था चुप, पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर का बड़ा दावा

पीसीबी स्थानीय लोगों का समर्थन नहीं करता

मिस्बाह ने कहा, “पीसीबी हमेशा विदेशी कोचों का समर्थन करने के लिए तैयार है, लेकिन कभी भी स्थानीय लोगों का समर्थन नहीं करता है।” मुख्य कोच के रूप में आर्थर का पिछला कार्यकाल 2019 के 50 ओवर के विश्व कप में पांचवें स्थान पर रहने के बाद समाप्त हुआ था। पीसीबी क्रिकेट समिति ने उनके अनुबंध को आगे नहीं बढ़ाने की सिफारिश की थी। इसमें मिस्बाह भी समिति का हिस्सा थे।

विज्ञापन

और पढ़िए – खेल से जुड़ी खबरें यहाँ पढ़ें

संबंधित खबरें

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

लेखक के बारे में

Pushpendra Sharma

पुष्पेन्द्र शर्मा न्यूज 24 वेबसाइट में 'डेस्क इंचार्ज' की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं। लगभग 17 वर्षों से मीडिया (प्रिंट, टीवी, वेब) में काम कर रहे हैं। मूलत: राजस्थान भरतपुर के निवासी हैं। इन्होंने अपने करियर की शुरुआत 2008 में प्रिंट मीडिया Dainik Bhaskar से की थी। इसके बाद Rajasthan Patrika, Bhaskar.com और DNA Hindi (Zee Media) जैसे संस्थानों के लिए काम किया। News24 Website में न्यूज टीम को लीड कर रहे हैं। इसके साथ ही स्पोर्ट्स टीम का लीड कर चुके हैं। अपने करियर में लगभग सभी विषयों (राजनीति, क्राइम, देश-विदेश, शिक्षा, क्रिकेट, लाइफस्टाइल, मनोरंजन आदि) पर रिपोर्टिंग का अनुभव रखते हैं। साथ ही एडिटिंग का कार्य कर चुके हैं। न्यूज 24 पर सबसे पहले और सबसे सटीक खबरें प्रकाशित हों और सही तथ्यों के साथ पाठकों तक पहुंचें, इसी उद्देश्य के साथ सतत लेखन जारी है।
... और पढ़ें

ताज़ा खबरें

Sponsored Links by Taboola