Harmanpreet Kaur: टीम इंडिया ने सालों का सूखा खत्म करके 2025 का वुमेंस वर्ल्ड कप खिताब अपने नाम किया. उन्होंने फाइनल में साउथ अफ्रीका को 52 रनों से हराकर ट्रॉफी जीती. हरमनप्रीत कौर तीसरी खिलाड़ी हैं, जिन्होंने भारत को वनडे वर्ल्ड कप में जीत दिलाई है. कई फैंस ये मानकर चल रहे थे कि हरमनप्रीत कौर वर्ल्ड कप 2025 के बाद संन्यास ले लेंगी लेकिन शायद ऐसा नहीं है. इसी बीच पूर्व भारतीय खिलाड़ी शांता रंगास्वामी ने मांग उठाई है कि फ्यूचर को देखते हुए कप्तानी में बदलाव होना चाहिए.
हरमनप्रीत को नहीं रहना चाहिए कप्तान!
भारतीय महिला टीम की पूर्व कप्तान शांता रंगास्वामी ने पीटीआई को इंटरव्यू दिया और बताया कि BCCI को फ्यूचर पर ध्यान देते हुए हरमनप्रीत को कप्तानी से हटाकर स्मृति मंधाना को ये जिम्मेदारी देनी चाहिए. उन्होंने कहा, ‘ये काफी समय से बचा हुआ है. हरमनप्रीत कौर बल्लेबाज और फील्डर के रूप में शानदार हैं. हालांकि, वो कई बार गलतियां कर सकती हैं. मुझे लगता है कि वो कप्तानी के बोझ के बिना ज्यादा योगदान दे सकती हैं. स्मृति मंधाना को सभी फॉर्मेट में कप्तानी मिलनी चाहिए. आप आने वाले वर्ल्ड कप को भी प्लान करना चाहेंगे.’
हरमनप्रीत बल्लेबाज के तौर पर कर सकती हैं बेहतर
शांता रंगास्वामी को ये भी लगता है कि हरमनप्रीत के पास अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट में कुछ साल बचे हैं और उन्हें सिर्फ बल्लेबाजी पर फोकस करना चाहिए. उन्होंने कहा, ‘जब ऐसा कोई (कप्तानी छोड़ने) फैसला सफलता हासिल करने के बाद लेते हैं, तो इसे अच्छा माना जाता है. हालांकि, भारतीय क्रिकेट और हरमनप्रीत कौर के फायदे के लिए मुझे लगता है कि वो बल्लेबाज के रूप में ज्यादा अच्छा योगदान दे सकती हैं. उनके पास अभी भी क्रिकेट में तीन-चार साल बचे हैं. कप्तानी के बिना वो ये काम आसानी से कर पाएंगी.’
हरमनप्रीत का कप्तान के तौर पर रिकॉर्ड
हरमनप्रीत कौर का कप्तान के रूप में वनडे रिकॉर्ड काफी शानदार है. उन्होंने 48 एकदिवसीय मैचों में भारत की कमान संभाली है और इसमें से 30 मैचों में टीम इंडिया की जीत हुई. मात्र 16 मुकाबलों में उन्हें हार का सामना करना पड़ा है. कप्तान के तौर पर उनका जीत प्रतिशत 63.83 है. देखना होगा कि हरमनप्रीत कप्तानी जारी रखेंगी, या नहीं.