Who is Limar Dabi: रणजी ट्रॉफी में मेघालय और अरुणाचल प्रदेश के बीच खेला गया मैच अचानक चर्चा का विषय बन गया. मेघालय के बल्लेबाज आकाश चौधरी ने एक के बाद एक लगातार आठ सिक्स जमाते हुए टूर्नामेंट के इतिहास का सबसे तेज अर्धशतक ठोक डाला. आकाश ने एक ही ओवर में युवराज और रवि शास्त्री की तरह 6 गेंदों में छह सिक्स जमाए. आकाश तो रातोंरात मशहूर हो गए, लेकिन वो अपनी बैटिंग से एक गेंदबाज के करियर पर वो दाग लगा गए, जो उस बॉलर को कई रात किसी बुरे सपने की तरह डराएगा.
आकाश की तूफानी बैटिंग का शिकार बनने वाले बदनसीब गेंदबाज लिमर डाबी हैं. मगर वो कहावत है ना, “मन के हारे हार है, मन के जीते जीत. हार गए जो बिन लड़े उन पर है धिक्कार.” लिमर डाबी भी अपनी लड़ाई लड़ना चाहते हैं और स्टुअर्ट ब्रॉड, यश दयाल की तरह ही कमबैक की एक यादगार कहानी लिखना चाहते हैं. न्यूज 24 के साथ एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में किसान पिता के बेटे लिमर ने कहा कि वो इन छह छक्कों का हिसाब एक मैच में 10 विकेट लेकर चुकता करना चाहते हैं.
कौन हैं लिमर डाबी?
लिमर डाबी ने ज्यादातर छोटे बच्चे की तरह बचपन में क्रिकेटर बनने का सपना देखा. लिमर ने बताया कि वह शुरुआत में बल्लेबाजी करते थे और अपनी घूमती गेंदों पर बल्लेबाजों को नाच नचाने का चस्का तो उन्हें काफी बाद में लगा. क्रिकेट करियर का सफर कभी आसान नहीं था, क्योंकि लिमर पर अपने घर की जिम्मेदारी भी थी.
परिवार में तीन बहनें, भाई, मां-बाप, बीवी और दो छोटे बच्चे. 31 साल की उस उम्र में लिमर ने अपना लिस्ट-ए क्रिकेट में डेब्यू किया, जब आधे से ज्यादा क्रिकेटर्स हार मानकर अपनी फील्ड बदलने का मन बना लेते हैं. मगर लिमर का वो जज्बा और पैशन ही तो था, जो उन्हें संघर्ष के दम पर यहां तक ले आया.
क्रिकेट के लिए छोड़ी बैंक की नौकरी
घर का पेट पालने के लिए एक समय पर लिमर डाबी ने क्रिकेट को त्याग दिया था और वह बैंक की नौकरी करने लगे थे. हालांकि, क्रिकेट के प्रति दीवानगी नौकरी के दौरान भी जारी रही और वो इस खेल से ज्यादा समय तक दूर नहीं रह सके. 12वीं तक की पढ़ाई करने वाले लिमर को जल्द समझ आ गया कि वह अगर किसी फील्ड में बुलंदियां छू सकते हैं, तो वो सिर्फ और सिर्फ क्रिकेट है.
गेंदबाजी करते हुए दिमाग में क्या चल रहा था?
लिमर डाबी ने बताया कि उन्हें कोई विकेट नहीं मिला था. इसी वजह से वह विकेट की तलाश में बल्लेबाज को ललचाने का प्रयास कर रहे थे और इसी चक्कर में आकाश चौधरी ने उनके खिलाफ शुरुआती तीन सिक्स जमा दिए. इसके बाद लिमर के समझ ही नहीं आया कि वह किस लाइन पर बॉलिंग करें और किस पर नहीं. लिमर समझ ही नहीं सके कि उनके एक ही ओवर में छह सिक्स लग गए और उनके नाम शर्मनाक रिकॉर्ड दर्ज हो गया.
10 विकेट लेकर देंगे जवाब
लिमर ने बताया कि छह गेंदों पर 6 सिक्स लगने के बाद ही उन्होंने तय कर लिया था कि वह जोरदार कमबैक करके दिखाएंगे. लिमर का कहना है कि वह रणजी ट्रॉफी के एक ही मुकाबले में 10 विकेट निकालकर एक बार फिर इंडियन क्रिकेट में सुर्खियां जरूर बटोरेते नजर आएंगे.