हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: Asian Games 2026election commissionBigg Boss 20

सूर्य की तरफ तेजी से आ रहा हरी पूंछ वाला धूमकेतु, देखने से चूके तो करना पड़ेगा 400 साल का इंतजार

विज्ञापन
Green colored comet Nishimura

Rare Green Comet Nishimura Updates: रहस्यों से भरे अंतरिक्ष में 435 साल बाद दुर्लभ संयोग बन रहा है। एक महीने पहले खोजा गया धूमकेतु निशिमुरा सूर्य के सबसे करीब पहुंचने वाला है। जिसे लोगों को देखने का बड़ा मौका मिलेगा। इसी हरी पूंछ सुबह-सुबह सूरज के करीब आते ही चमकती है। धूमकेतु निशिमुरा या C/2023 P1 12 एक दिन पहले 12 सितंबर को पृथ्वी के सबसे नजदीक था। अब यह तेजी से सूर्य की तरफ जा रहा है। 17 सितंबर तक यह पृथ्वी से नजर आएगा। इसके बाद यह सूर्य की रोशनी में खो जाएगा। फिर चार सदी बाद ही लोगों को नजर आएगा। यदि आपने यह मिस किया तो जीवन की महत्वपूर्ण खगोलीय घटना को देख नहीं पाएंगे।

आइए जानते हैं क्या धूमकेतु निशिमुरा? इसे देखने का सबसे अच्छा समय कौन सा है? इसे कैसे पहचाना जाए? और अंत में यह हरा क्यों है?

धूमकेतु सौरमंडल में कब दिखेगा?

धूमकेतु निशिमुरा 17 सितंबर तक सुबह सूर्योदय से पहले दिखाई देगा। तब यह सूर्य के सबसे करीब से गुजरेगा। देखने का सबसे अच्छा समय सुबह का है, लेकिन सप्ताह के अंत में जैसे-जैसे यह सूर्य के करीब आएगा, इसे देखना कठिन हो जाएगा। 15 सितंबर को धूमकेतु सूर्य के करीब आएगा और बुध के ऑर्बिट में प्रवेश कर जाएगा। 17 सितंबर को धूमकेतु पृथ्वी के उस ऑर्बिट में पहुंच जाएगा, जहां से वह सूर्य के सबसे करीब होगा। उस वक्त इसकी गति 2.9 होगी और इसे खुली आंखों से आसानी से देखा जा सकेगा।

विज्ञापन

धूमकेतु को कैसे पहचाना जाए?

सूर्योदय से लगभग एक घंटे पहले उत्तर-पूर्व की ओर देखें और धूमकेतु सिंह राशि में, आकाश में नीचे होना चाहिए। दूरबीन की भी मदद ली जा सकती है। इसके माध्यम से धूमकेतु की पूंछ का आकार भी दिखेगा। यदि आप अपनी खुली आंखों से देख रहे हैं, तो यह एक धुंधली बूंद जैसा हो सकता है।

Green comet Nishimura

विज्ञापन

क्या धूमकेतु निशिमुरा दुर्लभ है?

धूमकेतु निशिमुरा की खोज जापान के खगोलशास्त्री हिदेओ निशिमुरा ने 12 अगस्त को की थी। नासा का कहना है कि धूमकेतु निशिमुरा काफी दुर्लभ है। सूर्य के चारों ओर इसकी कक्षा करीब 430 सालों तक चलती है। ऐसे में यह चार सदी बाद ही फिर नजर आएगा। मतलब यह अब 25वीं शताब्दी में दिखेगा।

निशिमुरा हरा क्यों है?

धूमकेतु हरा दिखाई देता है क्योंकि इसके कोमा, नाभिक के आसपास की गैस में अपेक्षाकृत दुर्लभ प्रकार की कार्बन गैस होती है जिसे डायटोमिक कार्बन कहा जाता है, जिसमें दो कार्बन परमाणु एक साथ बंधे होते हैं।

विज्ञापन

धूमकेतु क्या है?

धूमकेतु बर्फ और चट्टान की गेंदें हैं, जो बाहरी सौर मंडल के एक क्षेत्र ऊर्ट बादल से सूर्य की परिक्रमा करते हैं। जब वे सूर्य के पास आते हैं, तो उनकी बर्फ गैस में बदल जाती है और पूंछ की तरह उनसे बहने लगती है। हम इसे कभी-कभी पृथ्वी से देख सकते हैं, लेकिन यह अनुमान लगाना मुश्किल है कि यह कितना आसान होगा।

यह भी पढ़ें: कश्मीर के अनंतनाग में आतंकियों से मुठभेड़, सेना के कर्नल शहीद, मेजर और पुलिस अफसर घायल

विज्ञापन

संबंधित खबरें

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

ताज़ा खबरें

Sponsored Links by Taboola