Vidur Niti: महाभारत के एक प्रमुख पात्रों में से एक हस्तिनापुर के प्रधानमंत्री विदुर असीम बुद्धिमत्ता और अपनी नीतियों के लिए जाने जाते हैं. विदुर की शिक्षा और नीतियां आज भी उतनी ही प्रासंगिक है जितनी महाभारत काल में थीं. महात्मा विदुर ने अपनी नीतियों में कई ऐसी बातों के बारे में बताया है जो समाज में व्यक्ति की छवि को खराब करती हैं. यह बुरी आदतें इंसान को अपने करीबियों से दूर कर देती हैं. व्यक्ति को इन बुरी आदतों को छोड़ देना चाहिए. अगर आप इन आदतों को नहीं छोड़ते हैं तो इससे समाज में आपकी छवि खराब होगी और नुकसान होगा.
अत्यधिक क्रोध का करें त्याग
इंसान को क्रोध करने से बचना चाहिए. क्रोध करने वाले व्यक्ति की समाज में छवि खराब होती है. क्रोध के कारण इंसान के सभी गुण धूमिल हो जाते हैं. क्रोधी व्यक्ति से उसके करीबी लोग भी दूर जाने लगते हैं. व्यक्ति को क्रोध करने की आदत को छोड़ देना चाहिए.
बंद करें खुद की तारीफ करना
कई लोग अपने मुंह मियां मिट्ठू बनते हैं यानी की खुद के मुंह से ही खुद की तारीफ करते हैं. विदुर कहते है जो लोग ऐसा करते है लोग उनसे दूरी बनाते हैं. समाज में लोग ऐसे व्यक्ति को पसंद नहीं करते हैं. जो लोग खुद अपनी तारीफ करते हैं लोग उनके मुंह पर हां में हां मिलाते हैं लेकिन उनकी इज्जत नहीं करते हैं.
लालच करने की आदत छोड़ें
लालची व्यक्ति को लोग पसंद नहीं करते हैं. ऐसे लोगों को सभी बुरा मानते हैं और इससे पीछा छुड़ाना चाहते हैं. महात्मा विदुर कहते हैं कि, लालची व्यक्ति जीवन में कभी सफल नहीं होता है. इससे समाज में इंसान की छवि खराब होती है. लालची व्यक्ति जीवन में कभी भी सुकून से नहीं जी पाता है.
छोड़ें अधिक बोलने की आदत
अगर कोई इंसान बहुत ही अधिक बोलता है तो लोग उसकी ज्यादा बातों से चिढ़ने लगते हैं. लोग ऐसे व्यक्ति से पीछा छुड़ाना चाहते हैं. आपको अधिक बोलने की आदत को छोड़ देना चाहिए. विदुर नीति के अनुसार, इंसान को उतना ही बोलना चाहिए जितने की जरूरत हो. अधिक बोलना अच्छा नहीं होता है.
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक शास्त्र की मान्यताओं पर आधारित है और केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.