Pitru Paksha 2024: सनातन धर्म के लोगों के लिए पितृ पक्ष की पूजा यानी श्राद्ध का विशेष महत्व है। श्राद्ध शब्द श्रद्धा से बना है, जिसका अर्थ है पितरों के प्रति श्रद्धा प्रकट करना। शास्त्रों के अनुसार, समय-समय पर श्राद्ध करने से वंश आगे बढ़ता है। परिवार का हर सदस्य पैसों से लेकर सभी सुख-सुविधाओं से संतुष्ट रहता है। हालांकि श्राद्ध पूजा के कई नई नियम हैं, जिनका पालन न करने पर पूजा का पूर्ण फल नहीं मिलता है।
मान्यता है कि श्राद्ध की पूजा केवल पुरुषों को ही करनी चाहिए। महिलाओं को श्राद्ध की पूजा से दूर रखा जाता है। लेकिन कुछ विशेष परिस्थितियों में महिलाएं श्राद्ध पूजा कर सकती है। आज हम आपको इसी बारे में बताएंगे कि कब-कब महिलाओं को श्राद्ध पूजा करने से पाप नहीं लगता है।
बेटे के न होने पर कौन कर सकता है श्राद्ध?
शास्त्रों मे श्राद्ध की पूजा करने का अधिकार केवल पुरुषों को दिया गया है। पिता का श्राद्ध उसके पुत्र को ही करना चाहिए। पुत्र के न होने पर पौत्र, प्रपौत्र, पुत्री का पुत्र या भतीजा भी श्राद्ध कर सकता है। इसके अलावा सगा बेटा न होने पर गोद लिया पुत्र भी अपने पिता का श्राद्ध कर सकता है।
ये भी पढ़ें- Pitru Paksha 2024: श्राद्ध में गलती से भी न खाएं ये दाल-सब्जियां, वरना नाराज होंगे पूर्वज!
महिलाएं कब कर सकती हैं श्राद्ध?
यदि किसी के कुल में एक भी पुत्र नहीं है, तो ऐसी परिस्थिति में महिला श्राद्ध कर सकती है। जिनका आपको श्राद्ध करना है, उनका यदि कोई बेटा नहीं है, तो ऐसे में पत्नी अपने पति की आत्मा की शांति हेतु श्राद्ध कार्य कर सकती है। इसके अलावा कुल की विधवा स्त्री भी पितरों की शांति के लिए श्राद्ध कर सकती है। लेकिन अविवाहित कन्याओं को श्राद्ध नहीं करना चाहिए।
जिन लोगों के पति या पुत्र की सेहत अच्छी नहीं है पर वो जीवित हैं, तो ऐसी परिस्थिति में उनके हाथ को स्पर्श करके विवाहित महिलाएं श्राद्ध कर सकती हैं। गौरतलब है कि घर की मुख्य महिलाओं को ही हमेशा श्राद्ध करना चाहिए।
2024 में पहला श्राद्ध कब है?
पितृ पक्ष को ही श्राद्ध कहा जाता है। हर साल भाद्रपद माह की पूर्णिमा तिथि के दिन से श्राद्ध के खास दिनों का आरंभ होता है। हिंदू पंचांग के मुताबिक, साल 2024 में पहले श्राद्ध की पूजा 17 सितंबर को की जाएगी। पितृपक्ष की पूजा मात्र एक दिन ही नहीं की जाती है, बल्कि ये कई दिनों तक लगातार की जाती है, जिसका समापन आश्विन मास की अमावस्या तिथि के दिन होता है। इस साल ये तिथि 2 अक्टूबर 2024 को है यानी इसी दिन पितृपक्ष का समापन होगा।
ये भी पढ़ें- Pitru Paksha के दौरान भूलकर भी न करें ये 7 काम; श्राद्ध पूजा होगी खंडित और पूर्वज भी हो जाएंगे नाराज!
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है तथा केवल सूचना के लिए दी जा रही है। News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है।
संबंधित खबरें
कब है रमा एकादशी व्रत? जानिए सही तारीख और श्रीहरि विष्णु की पूजा विधि
2 hrs agoकहीं दीपोत्सव तो कहीं काली पूजा, जानिए इन 4 शहरों से जुड़ा दिवाली का इतिहास
3 hrs ago24 नवंबर से पहले करें गंगाजल वाला उपाय, सुख-सौभाग्य की होगी प्राप्ति
5 hrs agoदिवाली से पहले क्यों की जाती है घर की डीप क्लीनिंग? जानिए इसके पीछे का कारण
6 hrs agoधनतेरस पर करें तिजोरी से जुड़े ये 5 उपाय, पैसों की तंगी होगी दूर
8 hrs agoआज अहोई अष्टमी पर करें तारों की पूजा, आपके शहर में कितने बजे दिखेंगे तारे?
1 day agoदिवाली की सफाई में घर से निकाल फेकें ये अशुभ चीजें, मिलेंगे शुभ परिणाम
1 day agoधनतेरस पर इन 5 चीजों को खरीदना है शुभ, जानिए क्या है महत्व?
1 day agoआज अहोई अष्टमी की पूजा के दौरान जरूर करें अहोई माता की आरती, पढ़ें लिरिक्स
1 day agoअहोई अष्टमी व्रत आज, जानें मुहूर्त, पूजा विधि और तारे निकलने का समय
1 day agoन्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।
First published on:
Know More: Editorial Guidelines