Kaalchakra Today 7 September 2026: आज 7 सितंबर को भाद्रपद माह के कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि है. आज एकादशी तिथि का समापन शाम को 5 बजकर 03 मिनट पर हो रहा है. आज अजा एकादशी का व्रत है. इसके साथ ही आज सर्वार्थ सिद्धि योग का निर्माण हो रहा है. पुनर्वसु नक्षत्र शाम को 6 बजकर 14 मिनट तक रहेगा. इसके बाद पुष्य नक्षत्र आरंभ होगा. व्यतीपात योग सुबह 6 बजकर 41 मिनट पर समाप्त हो चुका है. अब वरीयान् योग चल रहा है. इसके साथ ही बव, बालव, कौलव और तैतिल करण रहेगा.

आज अजा एकादशी के दिन कालचक्र में देवी-देवताओं की परिक्रमा करने के बारे में जानेंगे. परिक्रमा करने से शुभ परिणाम मिलती है. कालचक्र में जानेंगे कि, किसकी कितनी परिक्रमा करनी चाहिए. परिक्रमा की सही विधि और नियम के बारे में यहां जान सकते हैं. आज कुछ अशुभ योग भी रहने वाले हैं. राहुकाल, यमगण्ड काल और गुलिक काल प्रभावी रहेगा. आइये प्रश्न कुंडली विशेषज्ञ पंडित सुरेश पांडेय से कालचक्र में परिक्रमा करने के नियमों और लाभ के बारे में जानते हैं.

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देवी-देवताओं की परिक्रमा

सर्वप्रथम पूज्य गणेश जी की तीन परिक्रमा करनी चाहिए. ऐसा करने से जीवन में सुख-समृद्धि मिलती है. भगवान शिव जी की आधी परिक्रमा करनी चाहिए. आधी परिक्रमा करने के बाद भगवान की जल की निकासी को कभी लांघना नहीं चाहिए. मां दुर्गा और पार्वती जी की एक या तीन परिक्रमा करनी चाहिए. इससे दैवीय शक्ति प्राप्त होती है. विष्णु भगवान की चार परिक्रमा करें. सूर्यदेव को जल अर्पित करने के बाद अपने स्थान पर सात परिक्रमा करनी चाहिए. हनुमान जी और राम जी की तीन परिक्रमा करनी चाहिए. शनिदेव की सात परिक्रमा करें. अगर भगवान की परिक्रमा के नियम का पता न हो तो 3 परिक्रमा करनी चाहिए.

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पेड़-पौधों की परिक्रमा

हिंदू धर्म में पेड़-पौधों की परिक्रमा करने का विधान बताया गया है. शास्त्रों में पीपल, बरगद, आंवला, केला और तुलसी इन सभी की परिक्रमा का विधान है. पीपल के पेड़ की पूजा करें और जनेऊ चढ़ाएं. इसके साथ ही आप पेड़ की 108 परिक्रमा करें. हर परिक्रमा के होने पर पेड़ पर कुछ मीठा चढ़ाएं. आपको यह उपाय को अमावस्या के दिन करना चाहिए. ऐसा करने से शनि दोष और पितृ दोष से मुक्ति मिलेगी. गुरुवार के दिन केले के पेड़ की परिक्रमा करें. इस दिन तुलसी के पौधे की परिक्रमा करें. इनकी 11 परिक्रमा करनी चाहिए. ऐसा करने से दुख, दरिद्रता और संकट दूर होते हैं.

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आज के कालचक्र में पूजा-पाठ के समय भगवान की परिक्रमा करने के नियमों के बारे में जान सकते हैं. इसके बारे में विस्तार से जानने के लिए ऊपर दिए गए कालचक्र के वीडियो को देखें.

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डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारी धार्मिक मान्यताओं पर आधारित है और केवल सूचना के लिए दी जा रही है. News24 इसकी पुष्टि नहीं करता है.

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